How the Account Aggregator framework works This is where the Account Aggregator (AA) framework steps in and makes a world of difference. Introduced by the Reserve Bank of India (RBI) in 2016, the Account Aggregator framework is a consent-based system for sharing financial data. It allows secure, real-time sharing of financial information between regulated financial institutions. In this process, the Account Aggregator acts as a regulated intermediary. The Account Aggregator framework also supports AI and machine learning.

February 19, 2026 21:29 UTC

Science For All The weekly newsletter from science writers takes the jargon out of science and puts the fun in!

February 19, 2026 20:58 UTC

Hindi NewsBusinessGold Price Today; Sona Chandi Ka Bhav Aaj Ka (19 February 2026) | Gold Silver Rate Todayसोना आज ₹2986 महंगा हुआ, ₹1.55 लाख पर पहुंचा: इस साल 21 हजार रुपए चढ़ा; चांदी एक दिन में ₹7974 महंगीनई दिल्ली 9 घंटे पहलेकॉपी लिंकसोना-चांदी के दाम में आज 19 फरवरी को लगातार दूसरे दिन तेजी है। इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के अनुसार, 10 ग्राम 24 कैरेट सोना 2,986 रुपए बढ़कर होकर ₹1.55 लाख पहुंच गया है। वहीं, एक किलो चांदी 7,974 रुपए बढ़कर ₹2.45 लाख पर पहुंच गई है।इस साल सोने-चांदी की कीमत में लगातार उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है। सोना 2026 में अब तक 21,375 और चांदी 14,352 महंगी हो चुकी है। इस दौरान 29 जनवरी को सोने ने 1.76 लाख रुपए और चांदी ने 3.86 लाख रुपए का ऑल टाइम हाई भी बनाया था।अलग-अलग शहरों में सोने के दाम अलग होने की 4 वजहें:ट्रांसपोर्टेशन और सिक्योरिटी: सोना एक शहर से दूसरे शहर ले जाने में ईंधन और भारी सुरक्षा का खर्च आता है। आयात केंद्रों से दूरी बढ़ने पर ट्रांसपोर्टेशन कॉस्ट बढ़ जाती है, जिससे स्थानीय दाम बढ़ जाते हैं।सोना एक शहर से दूसरे शहर ले जाने में ईंधन और भारी सुरक्षा का खर्च आता है। आयात केंद्रों से दूरी बढ़ने पर ट्रांसपोर्टेशन कॉस्ट बढ़ जाती है, जिससे स्थानीय दाम बढ़ जाते हैं। खरीदारी की मात्रा : दक्षिण भारत जैसे इलाकों में खपत ज्यादा (करीब 40%) होने के कारण ज्वेलर्स भारी मात्रा में सोना खरीदते हैं। बल्क खरीदारी पर मिलने वाली छूट का फायदा ग्राहकों को कम दाम के रूप में मिलता है।दक्षिण भारत जैसे इलाकों में खपत ज्यादा (करीब 40%) होने के कारण ज्वेलर्स भारी मात्रा में सोना खरीदते हैं। बल्क खरीदारी पर मिलने वाली छूट का फायदा ग्राहकों को कम दाम के रूप में मिलता है। लोकल ज्वेलरी एसोसिएशन: हर राज्य और शहर के अपने ज्वेलरी एसोसिएशन (जैसे तमिलनाडु में मद्रास ज्वेलर्स एसोसिएशन) होते हैं। ये संगठन स्थानीय मांग और सप्लाई के आधार पर अपने इलाके के लिए सोने का रेट तय करते हैं।हर राज्य और शहर के अपने ज्वेलरी एसोसिएशन (जैसे तमिलनाडु में मद्रास ज्वेलर्स एसोसिएशन) होते हैं। ये संगठन स्थानीय मांग और सप्लाई के आधार पर अपने इलाके के लिए सोने का रेट तय करते हैं। पुराना स्टॉक और खरीद मूल्य: ज्वेलर्स ने अपना स्टॉक किस रेट पर खरीदा है, यह भी मायने रखता है। जिन ज्वेलर्स के पास पुराने और सस्ते रेट पर खरीदा हुआ स्टॉक होता है, वे ग्राहकों से कम कीमत वसूल सकते हैं।सोने-चांदी के दाम बढ़ने के 4 मुख्य कारणMCX-NSE की राहत: आज से गोल्ड-सिल्वर फ्यूचर्स पर एक्स्ट्रा मार्जिन हटा दिया गया है। ट्रेडिंग सस्ती होने से निवेशकों की खरीदारी बढ़ गई है।आज से गोल्ड-सिल्वर फ्यूचर्स पर एक्स्ट्रा मार्जिन हटा दिया गया है। ट्रेडिंग सस्ती होने से निवेशकों की खरीदारी बढ़ गई है। दुनिया में टेंशन: मिडिल ईस्ट में अमेरिका-ईरान झगड़ा और रूस-यूक्रेन वार्ता फेल होने से असुरक्षा का माहौल है। लोग गोल्ड में पैसा लगा रहे हैं।मिडिल ईस्ट में अमेरिका-ईरान झगड़ा और रूस-यूक्रेन वार्ता फेल होने से असुरक्षा का माहौल है। लोग गोल्ड में पैसा लगा रहे हैं। फेड रेट कट की उम्मीद: अमेरिकी फेड से इस साल ब्याज दरें घटाने के संकेत दिए हैं। दरें कम होने पर गोल्ड जैसी चीजों की डिमांड बढ़ जाती है।अमेरिकी फेड से इस साल ब्याज दरें घटाने के संकेत दिए हैं। दरें कम होने पर गोल्ड जैसी चीजों की डिमांड बढ़ जाती है। सस्ते में खरीदारी: पिछले दिनों दोनों मेटल्स में बड़ी गिरावट के बाद दाम आकर्षक हो गए। निवेशक और ज्वेलर्स ने सस्ते में खरीदना शुरू कर दिया।सोना खरीदते समय इन 2 बातों का रखें ध्यान1. सर्टिफाइड गोल्ड ही खरीदें: हमेशा ब्यूरो ऑफ इंडियन स्टैंडर्ड (BIS) का हॉलमार्क लगा हुआ सर्टिफाइड गोल्ड ही खरीदें। ये नंबर अल्फान्यूमेरिक यानी कुछ इस तरह से हो सकता है- AZ4524। हॉलमार्किंग से पता चलता है कि सोना कितने कैरेट का है।2. कीमत क्रॉस चेक करें: सोने का सही वजन और खरीदने के दिन उसकी कीमत कई सोर्सेज (जैसे इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन की वेबसाइट) से क्रॉस चेक करें। सोने का भाव 24 कैरेट, 22 कैरेट और 18 कैरेट के हिसाब से अलग-अलग होता है।असली चांदी की पहचान करने के 4 तरीकेमैग्नेट टेस्ट: असली सिल्वर चुंबक से नहीं चिपकती। अगर चिपक जाए तो फेक है।आइस टेस्ट: सिल्वर पर बर्फ रखें। असली सिल्वर पर बर्फ बहुत तेजी से पिघलेगी।स्मेल टेस्ट: असली सिल्वर में गंध नहीं होती। फेक में कॉपर जैसी गंध आ सकती है।क्लॉथ टेस्ट: चांदी को सफेद कपड़े से रगड़ें। अगर काला निशान आए तो असली है।ये खबर भी पढ़ें...भारतीय घरों में देश की GDP से ज्यादा का सोना: 34,600 टन गोल्ड की कीमत ₹450 लाख करोड़, देश की GDP ₹370 लाख करोड़भारतीय परिवारों के पास मौजूद कुल सोने की वैल्यू 5 ट्रिलियन डॉलर (₹450 लाख करोड़) के पार निकल गई है। यह आंकड़ा देश की कुल 4.1 ट्रिलियन डॉलर यानी, 370 लाख करोड़ रुपए की GDP से भी ज्यादा है। सोने की कीमतें रिकॉर्ड हाई पर पहुंचने के कारण ऐसा हुआ है। मॉर्गन स्टेनली की एक रिपोर्ट के अनुसार भारतीय घरों में लगभग 34,600 टन सोना जमा है।अभी सोने की वैल्यू 1.38 लाख रुपए प्रति 10 ग्राम के करीब चल रही है। वहीं इंटरनेशनल मार्केट में सोना 4,500 डॉलर प्रति औंस (करीब 28 ग्राम) के पार ट्रेड कर रहा है। रुपए में इसे बदलें तो इसकी वैल्यू 1.30 लाख रुपए प्रति 10 ग्राम के करीब होती है। पूरी खबर पढ़ें….

February 19, 2026 20:52 UTC

Nagpur News. महिला एवं बाल विकास विभाग ने चाइल्ड हेल्पलाइन नंबर 1098 पर प्राप्त शिकायत के आधार पर कार्रवाई करते हुए तीन बाल कामगारों को मुक्त कराया है। यह कार्रवाई कडबी चौक स्थित रेलवे संग्रहालय परिसर के पास की गई। मुक्त कराए गए बच्चों में दो नाबालिग लड़के और एक लड़की शामिल हैं। संबंधित जिम्मेदार व्यक्तियों के विरुद्ध बाल श्रम प्रतिबंधक कानून के तहत कार्रवाई की जाएगी।जांच में सामने आया कि तीनों बच्चे मध्यप्रदेश के बालाघाट जिले के निवासी हैं। मुक्त कराए गए बच्चों की काउंसलिंग की गई है। आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी कर उनके पुनर्वसन की कार्यवाही की जाएगी।प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि यदि कहीं भी बाल श्रम की जानकारी मिले तो तुरंत चाइल्ड हेल्पलाइन नंबर 1098 पर संपर्क करें। महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा पिछले कुछ दिनों से विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी अभियान के तहत हाल ही में एक हॉस्टल से बच्चियों को मुक्त कराया गया था। बच्चों से भीख मंगवाने के मामले का भी हाल में पर्दाफाश किया गया। इससे पहले एक दुकान से भी बाल कामगारों को मुक्त कराया गया था।ताजा कार्रवाई से यह स्पष्ट हुआ है कि शहर में अब भी छोटे बच्चों से अवैध रूप से काम कराया जा रहा है, जो कानूनन अपराध है।यह कार्रवाई जिला महिला एवं बाल विकास अधिकारी सुनील मेसरे के मार्गदर्शन तथा जिला बाल संरक्षण अधिकारी मुस्ताक पठाण के नेतृत्व में की गई। कार्रवाई दल में चाइल्ड हेल्पलाइन प्रतिनिधि अनिकेत भिवगडे, मीनाक्षी धडाडे, मंगला टेंभुर्णे और रणजीत कुंभारे शामिल थे।

February 19, 2026 20:40 UTC

इस पोस्ट को लोग एल्गोरिथ्म, लुक और फन वाले एंगल से देख रहे हैं। एक यूजर ने लिखा है कि एल्गोरिथ्म का बैकग्राउन्ड से कोई कनेक्शन नहीं है। एक यूजर ने ये भी माना है कि अब लुक ज्यादा जरूरी हो चुके हैं। एक और यूजर ने पूछा है कि क्या ड्राइवर ने अपने प्रोफेशन के बारे में ऐप पर बताया था। इस पर जसवीर ने जवाब दिया है, ये तो ऑप्शनल होता है।जसवीर ने फाउंडर वाली जिज्ञासा में पूछ लिया कि क्या मैं प्रोफाइल देख सकता हूं, जवाब में हां, आया तो पता चला कि वो बस यूं ही डेटिंग ऐप हिंज पर नहीं है बल्कि उसके 23 मैच भी हैं।जसवीर रोज की तरह कार से निकले थे कि उनकी नजर ड्राइवर के फोन पर पड़ी। उसका हिंज प्रोफाइल खुला था। उन्होंने पूछा अरे, डेटिंग ऐप पर हो तो जवाब मिला, हां।

February 19, 2026 20:32 UTC





भास्कर न्यूज, पुणे। लोणी कालभोर क्षेत्र में ई-सेवा केंद्र के माध्यम से फर्जी पुलिस चरित्र प्रमाणपत्र बनाकर रिक्शा परमिट हासिल करने की कोशिश का मामला सामने आया है। पुलिस ने इस प्रकरण में एक आरोपी को गिरफ्तार किया है, जबकि दूसरे के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है।गिरफ्तार आरोपी की पहचान सचिन हरिभाऊ मगर (34, निवासी घोरपडे वस्ती, लोणी कालभोर) के रूप में हुई है। वहीं मैनुद्दीन हुसैन सैयद (निवासी कदमवाक वस्ती, लोणी कालभोर) के खिलाफ भी प्रकरण दर्ज किया गया है। इस मामले में सहायक निरीक्षक रामदास मेमाणे ने शिकायत दी है।पुलिस के अनुसार, मैनुद्दीन सैयद ने रिक्शा परमिट के लिए आवश्यक पुलिस चरित्र सत्यापन प्रमाणपत्र प्राप्त करने हेतु पुणे पुलिस के ऑनलाइन पोर्टल पर आवेदन किया था। वैध निवास प्रमाण प्रस्तुत नहीं करने के कारण उसका आवेदन निरस्त कर दिया गया था।आरोप है कि आवेदन खारिज होने के बाद सैयद ने घोरपडे वस्ती स्थित ‘समृद्धि एंटरप्राइजेज’ ई-सेवा केंद्र के संचालक सचिन मगर से संपर्क किया। मगर ने कथित रूप से पैसों के बदले फर्जी प्रमाणपत्र तैयार कर दिया। बाद में सैयद ने यह दस्तावेज पुणे शहर यातायात शाखा की खिड़की क्रमांक छह पर जमा किया, जहां जांच के दौरान प्रमाणपत्र फर्जी पाया गया। पुलिस मामले की आगे जांच कर रही है।

February 19, 2026 20:21 UTC

ADVERTISEMENTUS Secretary of State Marco Rubio said India had committed to halting “additional purchases” of Russian crude beyond agreed volumes, though he did not spell out precise numbers. Also Read Donald Trump targeting India over Russian oil? A sudden halt in Indian purchases could have tightened supply and driven international oil prices sharply higher. After processing the Russian crude, Indian refiners export significant amounts of diesel, petrol and other refined products to Europe, Southeast Asia and beyond. The question now is whether the US move allowing New Delhi to import some Russian oil will be enough to quiet opposition accusations that the Modi government is allowing Washington to influence India’s strategic decision-making.

February 19, 2026 20:14 UTC

डिजिटल डेस्क,जबलपुर। प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत तैयार हो रहीं सड़कें केवल सड़कें नहीं बल्कि ग्रामीणों की जीवन रेखा हैं। इसके जरिए ही उनकी आवाजाही, व्यापार सब होता है। इन सड़कों के कारण ही ग्रामीणों का शहरी जीवन से सतत सम्पर्क हो पाया है। बेहतर हो कि हर इंजीनियर इस बात पर विशेष ध्यान दे कि इन सड़कों का निर्माण पूरी गुणवत्ता के साथ हो।उपरोक्त विचार डॉ. एके सिंघई, डॉ. राजेश जैन, डॉ. आरके ग्रोवर, डॉ. आरके यादव, उपसंचालक श्रीमती माधुरी शर्मा द्वारा प्रशिक्षण दिया गया।

February 19, 2026 20:10 UTC

Awaiting President Donald Trump's orders, a massive military buildup, including warships, fighter jets and refuelling aircraft, is hovering in West Asia. Other destroyers that have been sent to the sea include USS McFaul, USS Pinckney and USS Mitscher. Trump has previously threatened Iran with “violence” by a massive armada if it does not negotiate a “fair and equitable deal”. Trump also recalled the ‘Operation Midnight Hammer,’ warning that the “next attack will be far worse.”In a post on Truth Social, Trump wrote, “A massive Armada is heading to Iran. It is a larger fleet, headed by the great Aircraft Carrier Abraham Lincoln, than that sent to Venezuela.

February 19, 2026 20:09 UTC

Nagpur News शहर में सेंधमारी की बढ़ती घटनाओं के बीच अपराध शाखा पुलिस की यूनिट क्र. 6 ने तकनीकी जांच के माध्यम से तीन वारदातों का पर्दाफाश किया है। आरोपी को आगे की कार्रवाई के लिए कोराडी पुलिस के हवाले कर दिया गया है।क्या है मामला : पुलिस के अनुसार कोराडी नाका चौक स्थित ताजकृपा हाउसिंग सोसायटी के प्लॉट नंबर 26 निवासी शिकायतकर्ता योगराज रमेश मेडोलिया (45) ने कोराडी थाने में शिकायत दर्ज कराई है। जिसमें कहा है कि गत 13 जनवरी को सुबह करीब 10.45 बजे घर को ताला लगाकर परिवार के साथ पारडी में एक रिश्तेदार के अंतिम संस्कार में गए थे।इस बीच अज्ञात चोर ने मुख्य दरवाजे का ताला तोड़कर बेडरूम में रखी लोहे की अलमारी से 6 हजार रुपए नकद तथा सोने-चांदी के आभूषण समेत कुल 1 लाख 60 हजार रुपए का माल चुराकर फरार हो गए। करीब 1:30 बजे घर लौटने के बाद चोरी की बात पता चली। पुलिस ने अज्ञात आरोपी के खिलाफ विविध धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है।चोरी का किया खुलासा : कोराडी पुलिस और यूनिट 6 ने समानांतर जांच के दौरान घटनास्थल से फिंगर प्रिंट विशेषज्ञों द्वारा लिए गए निशानों का तकनीकी विश्लेषण कराया। फिंगर प्रिंट एक पुराने आपराधिक रिकॉर्ड वाले संदिग्ध से मेल खा गए। इसके आधार पर पुलिस ने जरीपटका स्थित भंते आनंद कौशल्यायन नगर निवासी 32 वर्षीय मुजम्मिल अब्दुल तव्वाब को हिरासत में लिया। पूछताछ में आरोपी ने कोराडी और नवीन कामठी थाना क्षेत्र में की गईं चोरियों का खुलासा किया। उसके कब्जे से 6 हजार रुपए नकद बरामद किए गए हैं।

February 19, 2026 19:57 UTC

The Indo-US trade agreement was an onslaught on the sovereignty of India, criticised Communist Party of India (Marxist) [CPI(M)] leader Prakash Karat. The Trump regime imposed its imperialist and corporate interests on India through the agreement, said Mr. Karat at a seminar on impacts of India-US trade relations, organised by EMS research centre here on Thursday (February 19, 2026). “The agreement will lead to the flooding of US products into India. CPI(M) district secretary and centre chairperson S. Satish presided. Dinesh Mani, N. Anilkumar, and CITU leader Deepa K. Rajan were among those who attended.

February 19, 2026 19:57 UTC

So, for love, I held back.”Murli, 53, chipped in, “I don’t eat mushrooms or baby corn. As if love simply meant eating less garlic, skipping certain dishes, or quietly adapting to what is served on the table. When someone gives up a long-held food preference for a partner, what they are really negotiating is not taste but identity. Long before we learn to articulate emotions, we learn to associate food with care, safety, celebration, and love. “Giving up certain food choices for love is not inherently noble or unhealthy.

February 19, 2026 19:40 UTC

Nagpur News उपराजधानी की पहचान मानी जाने वाली नाग नदी आज बदहाली की मिसाल बन चुकी है। नदी उद्धार के लिए सरकार ने 1927 करोड़ की निधि मंजूर की है। इसके बावजूद नाग नदी परियोजना का कार्य वर्षों से अटका पड़ा है। नदी को अतिक्रमण ने घेर रखा है। इसके कई हिस्सों में फ्लाईओवर के पिलरों का निर्माण किया चुका है। निर्माण कार्य की मिट्टी नदी में डाली जा रही है। इससे नदी का प्रवाह संकरा हो गया है। मनपा द्वारा बनाए गए सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट भी पूरी तरह क्षतिगस्त हो चुके हैं। जिम्मेदार विभागों के अधिकारी खुलकर बोलने से बच रहे हैं। ऐसे में सवाल उठ रहा है कि करोड़ों की मंजूर निधि के बावजूद नाग नदी का उद्धार आखिर कब होगा।नाग और पीली नदी का संगम : शहर के आखिरी छोर भरतवाड़ा में नाग और पीली नदी का संगम होता है। करीब 20 किमी का सफर तय कर नाग नदी यहां पीली नदी से मिलती है। संगम स्थल तक पहुंचने से पहले ही नाग नदी का पानी पीली नदी की तुलना में अधिक गंदा और बदबूदार नजर आता है। यह अंतर इसलिए अहम है, क्योंकि पीली नदी पहले से ही पुराने औद्योगिक क्षेत्रों और घनी बस्तियों से गुजरते हुए नाले जैसी बन चुकी है।2022 में मिली थी मंजूरी : नाग नदी प्रदूषण निर्मूलन व पुनर्जीवन परियोजना को वर्ष 2022 में मंजूरी मिली थी। 2023 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इसका भूमिपूजन किया था। कुल 1927 करोड़ रुपए की इस परियोजना में केंद्र सरकार की 60 प्रतिशत हिस्सेदारी (1115 करोड़), राज्य सरकार की 25 फीसदी (507 करोड़) और मनपा की 15 फीसदी (305 करोड़) हिस्सेदारी तय है। केंद्र ने 2024-25 में 295.62 करोड़ और 2025-26 में 500 करोड़ रुपए का प्रावधान किया है। जानकारी के अनुसार घोषित निधि अब तक पूरी तरह आवंटित नहीं हुई है। इससे परियोजना की शुरुआत अटकी हुई है।उद्धार नहीं, अतिक्रमण जरूर बढ़ा : नाग नदी का पुनरुद्धार भले ही नहीं हुआ हो, पर अतिक्रमण जरूर बढ़ा है। इंदोरा से दिघोरी फ्लाईओवर परियोजना के तहत अशोक चौक के पास नदी के भीतर ही करीब 6 पिलर खड़े कर दिए गए हैं। इनमें से कुछ पिलर पानी के बहाव वाली आर्च के बीच में बने हैं। आसपास कचरे का ढेर जमा है। वाठोड़ा की ओर पारडी फ्लाईओवर के दो पिलर भी नदी के बीच में बनाए गए हैं। भविष्य में जलस्तर बढ़ने पर ये पिलर पानी के प्रवाह में बाधा बन सकते हैं, जिससे बाढ़ जैसी स्थिति बन सकती है। नदी किनारे बाउंड्री वॉल निर्माण के लिए डाला गया मलबा भी प्रवाह को प्रभावित कर रहा है। इससे नदी की चौड़ाई और गहराई दोनों कम हो रही हैं।जर्जर एसटीपी : नदी में गिरते गंदे पानी को रोकने के लिए बनाए गए एसटीपी (सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट) भी बदहाल स्थिति में हैं। डागा ले-आउट स्थित प्लांट की हालत चिंताजनक है। करोड़ों रुपए की लागत से बना यह प्लांट कुछ ही वर्षों में जर्जर हो गया। रखरखाव का अभाव होने से कई मशीनें बंद हैं। प्लांट का सूचना बोर्ड तक टूटा हुआ है। शंकर नगर, रामदासपेठ, नंदनवन, वाठोड़ा और पारडी जैसे इलाकों से निकलने वाला गंदा पानी पाइप लाइन के जरिए सीधे नदी में गिर रहा है। पहले दावा किया गया था कि सीवेज को नदी में जाने से रोका जाएगा, लेकिन हालात कागजों तक सीमित हैं।मनपा पूरी तरह प्रतिबद्ध : नाग नदी के उद्धार के लिए हम अलग-अलग नीतियों पर काम कर रहे हैं। हमारा उद्देश्य सिर्फ सौंदर्यीकरण नहीं है, बल्कि नदी को प्रदूषण मुक्त बनाना है। नाग नदी को स्वच्छ और सुंदर बनाने के लिए मनपा पूरी तरह प्रतिबद्ध है। -नीता ठाकरे, महापौरजल्द शुरू करेंगे कामकाज : हम नाग नदी की सफाई के लिए प्रयासरत हैं। नाग नदी का काम अब तक शुरू नहीं हो पाया है। जल्द ही कामकाज की शुरुआत करेंगे। श्वेता बनर्जी, अधीक्षक अभियंता, मनपासिर्फ घोषणाओं से काम नहीं चलेगा : नाग नदी को लेकर कागजों पर बड़ी-बड़ी योजनाएं बन रही हैं। करोड़ों रुपए मंजूर हो चुके हैं। जमीन पर हालत अब भी चिंताजनक हैं। अगर सच में नदी को बचाना है, तो सिर्फ घोषणाओं से काम नहीं चलेगा, लगातार निगरानी और ईमानदारी से काम करना होगा। - रचना सिंह, पर्यावरण प्रेमी

February 19, 2026 19:30 UTC

Live Eventsas a Reliable and Trusted News Source Addas a Reliable and Trusted News Source Add Now! (You can now subscribe to our(You can now subscribe to our Economic Times WhatsApp channelThe International Monetary Fund ​said on Thursday it will release a ​long-awaited initial annual review of U.S. economic policies under the Trump administration on February 25, including assessments of fiscal, trade and current account deficits and a broad ‌assessment of ⁠the dollar's value. IMF ⁠spokesperson Julie Kozack told a regular press briefing that despite recent dollar ​depreciation, the global lender views the dollar to be central to the international ​monetary system as it continues to dominate trade invoicing, international reserves, borrowing and global payments. "When we look at a more historical context, ​the current level of the dollar against major ⁠currencies is ‌close to its historical average over the past ​decade," Kozack ​said. "Currency markets can be volatile, and it's, of course, ⁠important not to read too much into day-to-day movements ​in currencies.

February 19, 2026 19:23 UTC

@bertyashleyQuiz | Easy like Sunday morning: How countries got their namesCopy linkEmailFacebookTwitterTelegramLinkedInWhatsAppReddit YOUR SCORE 0 /10 RETAKE THE QUIZ1 / 10 | On February 22, 1979, the island country of Saint Lucia gained independence from the United Kingdom after 316 years of British rule. The neighbouring island, originally known as Wa’omoni, was given a name that meant ‘bearded’, a reference to the fig trees everywhere. YES NO Answer : Antigua and Barbuda SHOW ANSWER3 / 10 | This country is named after the oldest desert in the world. YES NO Answer : Namibia SHOW ANSWER4 / 10 | This country gets its name from the family that rules over it. YES NO Answer : Argentina SHOW ANSWER9 / 10 | This Central African country gets its name from the Wouri river running through it.

February 19, 2026 19:23 UTC