आपको एक तस्वीर याद होगी। मौत के करीब पहुंच चुकी भूख से तड़पती बच्ची और उसके मरने का इंतजार कर रहा एक गिद्ध। इस तस्वीर को कैमरे में कैद करने वाले दक्षिण अफ्रीका के फोटो जर्नलिस्ट केविन कार्टर की काफी आलोचना हुई थी। इस तस्वीर पर काफी विवाद हुआ था। इस तरह की कई और तस्वीरें हैं जिनको लेकर दुनिया में हंगामा मचा है। आइए देखते हैं उन तस्वीरों को और जानते हैं उनके बारे में...ब्रूकी शील्ड्स अमेरिकी फैशन फटॉग्रफर गैरी ग्रॉस ने 1975 में एक तस्वीर ली थी। उस तस्वीर में एख दस साल की लड़की ब्रूक शील्ड्स को नग्न अवस्था में दिखाया गया था। तस्वीर में वह एक बाथटब में बैटी हुई थी। दरअसल गैरी ने वह तस्वीर अपने एक प्रॉजेक्ट के हिस्से के तौर पर ली थी। एक वयस्क महिला और तरुण अवस्था में लड़की के नारीत्व के बीच तुलना के मकसद से तस्वीर ली गई थी। पहले वह तस्वीर लिट्ल विमिन नाम की मैग्जीन में छपी थी और उसके बाद प्लेबॉय प्रेस पब्लिकेशन की सुगर ऐंड स्पाइस में। (फोटो: साभार पिनट्रेस्ट)ईसा मसीह की विवादित तस्वीर ऐंड्रिस सेरानो एक अमेरिकी फटॉग्रफर हैं। उनको विवादित तस्वीरें बनाने का शौक है। उन्होंने 1987 में ईसा मसीह को सूली पर चढ़ाए जाने की विवादित तस्वीर बनाई थी। उस विवादित तस्वीर में सेरानो ने ईसा मसीह की सूली पर चढ़ने वाली प्रतिमा को अपने यूरीन से भरे गिलास में डूबी हुई दिखाया था। (फोटो: साभार विकिमीडिया कॉमंस)जॉन एफ केनेडी की हत्या के समय की फोटो अमेरिकी राष्ट्रपति जॉन एफ केनेडी की हत्या की तस्वीर को लेकर भी विवाद हुआ था। उस तस्वीर को मैरी मूरमन नाम की फटॉग्रफर ने कैद किया था। केनेडी के सिर में गोली मारे जाने के तुरंत बाद वह तस्वीर ली गई थी। (फोटो: साभार विकिमीडिया कॉमंस)समर हसन क्रिस होंडरोस एक अमेरिकी फटॉग्रफर थे जिनको उनकी युद्ध के दौरान की तस्वीरों के लिए पुलित्जर प्राइज से सम्मानित किया था। 2005 में उन्होंने एक तस्वीर अपने कैमरे में कैद की थी। अमेरिकी सैनिकों ने आम नागरिक को निशाना बनाया था। माता-पिता और उनकी बच्ची गाड़ी से कहीं जा रहे थे। अमेरिकी सैनिकों ने गाड़ी पर फायरिंग कर दी जिसमें माता-पिता की मौत हो गई और उनके खून के छींटे से बच्ची भीग सी गई थी। बच्ची का नाम समर हसन था। (फोटो: साभार गार्जियन यूके)थॉमस होपकर की 9/11 की तस्वीर थॉमस होपकर एक फटॉग्रफर हैं। 11 सितंबर, 2001 को जब वर्ल्ड ट्रेड सेंटर पर हमला हुआ तो वह न्यू यॉर्क में थे। उन्होंने घटना की कई तस्वीरें खींचीं लेकिन उनमें एक सबसे अलग थी। उस तस्वीर में बैकग्राउंड में ट्विन टावर जल रहा था और अमेरिका के लोगों का एक समूह बैठकर बातचीत में व्यस्त था। होपकर ने 5 सालों तक इस तस्वीर को प्रकाशित नहीं किया था। 2006 में इस तस्वीर को जब छापा गया तो काफी हंगामा हुआ। (फोटो: साभार द गार्जियन यूके)
Source: Navbharat Times February 13, 2020 06:56 UTC