कांग्रेस की पूर्वी यूपी की प्रभारी प्रियंका गांधी वाड्रा ने शुक्रवार को कानपुर में पीएम मोदी का नाम लिए बिना हमले किए। वह बोलीं, जिसमें राजनीतिक शक्ति होती है, वह जनता से नहीं घबराता है। वह दुर्बल प्रधानमंत्री हैं। उनमें आत्मशक्ति नहीं। वह 56 इंच का सीना इसलिए बताते हैं, क्योंकि वह दुर्बल हैं, कमजोर हैं। वह चाहते हैं कि जनता और विपक्ष से सवाल न आएं।इसके बाद प्रियंका ने राहुल गांधी और पीएम मोदी की एक-दूसरे से तुलना की और कहा, 'इन दोनों को देखिए। एक तरफ वह शख्स है जो दूसरों को बिल्कुल भी बर्दाश्त नहीं कर सकता, वहीं दूसरी ओर वह है जिसे रोजाना गालियां पड़ती हैं। बीजेपी रोजाना उन्हें (राहुल) उनकी मां, दादी और पिता को गालियां देती है, लेकिन वह हंसते हुए सब सहन करते हैं। वह दूसरों की आलोचना करने के बजाय खुद को और इंप्रूव करने की कोशिश करते हैं। इसे कहते हैं पॉलिटिकल विल।'वहीं बीजेपी के राष्ट्रवादी सिद्धांतों पर सवाल उठाते हुए प्रियंका ने कहा, 'वे खुद को राष्टवादी कहते हैं। क्या कोई राष्ट्रवादी सरकार लोगों की आवाज दबाने की कोशिश करेगी? प्रियंका ने आगे कहा कि लोगों की जागरुकता ही सच्ची देशभक्ति है। उन्होंने कहा, 'मैं यहां सिर्फ कांग्रेस के लिए ही वोट मांगने नहीं आई। बल्कि मैं यहां देश, संविधान और लोकतंत्र के लिए वोट मांग रही हूं। अगर आप बीजेपी को जिताने में मदद करेंगे तो पांच साल बाद देश की जो हालत होगी उसके लिए आपको पछतावा होगा।'बता दें कि लोकसभा चुनाव 7 चरणों में होंगे। दो चरणों के मतदान 11 और 18 अप्रैल को हुए थे और अब तीसरे चरण का मतदान 23 अप्रैल को होगा। चुनाव का परिणाम 23 मई को घोषित किया जाएगा।
Source: Navbharat Times April 20, 2019 00:39 UTC