वाराणसी, जेएनएन। पूर्वांचल में सपा बसपा और रालोद का गठबंधन अपने प्रत्याशियाें के समर्थन में जनसभा को संबोधित करने पहुंचे। इसके लिए एक दिन पूर्व ही जौनपुर और भदोही जिले में आयोजित होने वाली जनसभा को लेकर पार्टी कार्यकर्ताओं ने अपना पूरा जोर लगा दिया था। गठबंधन की अोर से आसपास की लाेकसभा सीटों के लिए भी दोनों ही दलों के समर्थकों को सुबह से सक्रिय कर रखा था। वहीं दोपहर बाद बसपा सुप्रीमो मायावती और सपा मुखिया अखिलेश यादव जनसभा को संबोधित करने पहुंचे। 'समाजिक न्याय से महापरिवर्तन' पर आधारित इस महारैली में दोनों ही नेताओं ने जौनपुर और भदोही में केंद्र सरकार पर जमकर हमला बोला।जौनपुर में जनसभा को मायावती ने किया संबोधित : जनसभा को संबोधित करते हुए बसपा मुखिया मायावती ने कहा कि भीड़ देखकर लगता है कि नमो नमो करने वालों की छुट्टी कर देंगे। भाजपा विफलताओं के कारण इस बार सत्ता से बाहर चली जायेगी। कांग्रेस भी सत्ता से बहुत दूर हो जाएगी। उसके भी शासन में गरीबों किसानों की समस्याएं खत्म नहीं हुईं। लोगों को रोजी के लिए पलायन करना पड़ा। बहुजन समाज को कानून का अधिकार नहीं मिला। इसीलिए बाबा साहब ने कानून मंत्री का पद छोड़ दिया। उनका सन्देश था राजनीतिक दल स समाज के लोग बनाएं। आपने कांग्रेस को मौका दिया लेकिन कांग्रेस खरी नहीं उतरी। इस बार भाजपा को सत्ता से बाहर करिये। कोई जुमले बाजी काम न आए। इन्होंने पूंजीपतियों को मालामाल करने व बचने में पूरी ताकत लगा दी। पूंजीवाद के कारण पिछड़े, दलित अल्पसंख्यक का विकास नहीं हो सका। आरक्षण का कोटा अधूरा पड़ा है।जौनपुर में जनसभा को अखिलेश ने किया संबोधित : जनसभा को संबोधित करते हुए सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कहा कि भाजपा ने कोई विकास नहीं किया। सपा सरकार की योजनाओं को रोक दिया गया। कहा कि पूरे देश की निगाहें उत्तर प्रदेश पर है। पांचवें चरण तक गठबंधन को बहुत वोट मिला है। यह सरकार बनारस में एक फौजी से डर गई, आतंकवाद से कैसे लडेगी। यह जौनपुर और मछलीशहर के लोग हैं जो तय कर लेते हैं वही परिणाम आता है। कहा कि जनता से अपील है कि चौकीदार हटाइए और नया प्रधानमंत्री दीजिए।भाजपा सरकार ने देश में नोटबन्दी जल्दबाजी में लागू की, जिससे बेरोजगारी बढ़ी, देश की अर्थव्यवस्था भी खराब हुई। देश की सीमाओं को सुरक्षित नहीं कर सके। यही वजह है कि हमले आये दिन हो रहे। इस चुनाव में भाजपा कांग्रेस को काबिज नही होने देना है। इन पर से जनता का विश्वास उठ गया। लोकसभा चुनाव में वायदे खूब कर रहे है। सभी वायदे गरीबों के लिए मजाक और जुमला साबित हुए।जौनपुर स्थित वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय परिसर में सपा बसपा की संयुक्त विशाल जनसभा मंगलवार की दोपहर दो बजे से आयोजित थी। इसके लिए जर्मन टेंट से एक दिन पूर्व ही अन्तिम रूप देने के साथ दो हैलीपैड तैयार किया गया था। सभा में 25 हजार से अधिक कुर्सियां लगाई गई हैं। अखिलेश मायावती के लिए एक ही मंच बनाया गया है। इसके अलावा मंच के बगल सेफ व रेस्ट रूम बनाया गया था।जौनपुर के बाद अब भदोही जिला मुख्यालय के पास सरपतहां में मंगलवार को पूर्व मुख्यमंत्री मायावती और अखिलेश यादव की चुनावी जनसभा को संबोधित करने पहुंचे। भदोही लोकसभा सीट के लिए 12 मई को वोट डाले जाएंगे। बसपा-सपा गठबंधन के अधिकृत प्रत्याशी रंगनाथ मिश्र के समर्थन में वोट मांगने के लिए बसपा और सपा कार्यकर्ताओं की भारी जुटान हुई। शाम करीब चार बजे बजे अपने संबोधन में अखिलेश यादव और मायावती ने केंद्र सरकार पर जमकर निशाना साधा।लोकसभा चुनाव और क्रिकेट से संबंधित अपडेट पाने के लिए डाउनलोड करें जागरण एपPosted By: Abhishek Sharma
Source: Dainik Jagran May 07, 2019 04:30 UTC