मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा- एलजी का आदेश मानेंगे, बाहरी लोगों के इलाज के मुद्दे पर झगड़ने का वक्त नहींसोमवार को मुख्यमंत्री केजरीवाल को बुखार और खांसी हुई थी, इसके बाद उनका मंगलवार को कोरोना टेस्ट हुआ था, रिपोर्ट निगेटिव आई थीदैनिक भास्कर Jun 10, 2020, 07:30 PM ISTनई दिल्ली. मरीजों की अस्पतालों में भर्ती के मामले में उप-राज्यपाल अनिल बैजल ने बुधवार को नया आदेश जारी किया है। एलजी बैजल ने कहा कि दिल्ली के अस्पतालों को एलईडी स्क्रीन पर बड़े अक्षरों में बेड की संख्या, रूम चार्ज आदि के बारे में जानकारी देनी होगी। बैजल ने कहा कि इससे जनता को सहूलियत होगी और अस्पतालों में पारदर्शिता भी आएगी।उप-राज्यपाल ने कहा कि सभी बड़े अस्पतालों, क्लीनिक, नर्सिंग होम के एंट्री प्वाइंट पर ये सभी जानकारियां दी जाएं और भर्ती होने के लिए किस व्यक्ति से संपर्क करना है, यह भी बताया जाए।मरीजों की भर्ती के मुद्दे पर राजनीति नहीं चाहते- केजरीवालमुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने बुधवार को दिल्ली में कोरोना के हालात को लेकर प्रेस कॉन्फ्रेंस की। केजरीवाल ने कहा- दिल्ली में बाहरी लोगों के इलाज के मुद्दे पर अभी झगड़ने का वक्त नहीं है। एलजी अनिल बैजल के आदेश को मानेंगे।केजरीवाल ने कहा कि हम इस मुद्दे पर राजनीति नहीं करना चाहते। आने वाले समय में दिल्ली में काफी ज्यादा बेड की जरूरत पड़ेगी। कुछ लोग कह रहे थे कि दिल्ली की चुनी हुई सरकार के फैसले को एलजी या केंद्र सरकार बदल नहीं सकते। लेकिन एलजी ने फैसले को बदल दिया। उनके फैसले को अक्षरश: लागू किया जाएगा।केजरीवाल ने कहा, "हमारे सामने अभूतपूर्व चुनौती है। 15 जुलाई तक दिल्ली वालों को करीब 33 हजार तो 31 जुलाई को दिल्ली को 80 हजार बेड की जरूरत पड़ेगी। दिल्ली में बाहर से आकर 50% लोग आकर इलाज कराते हैं। इस लिहाज से 15 जुलाई को हमें 60-65 हजार तो 31 जुलाई को डेढ़ लाख बेड की जरूरत पड़ेगी। तन-मन-धन से जो बन पड़ेगा, करेंगे। हमारे काम में कमी रह सकती है, नीयत में नहीं।"उन्होंने बताया कि मीडिया बहुत अच्छा काम कर रहे हैं। मैं उनसे आग्रह करता हूं कि हमारी कमियां बताएं। वे बता रहे हैं कि हम अमुक अस्पताल गए, वहां लोगों को कई दिक्कतें हो रही हैं। 8 दिन में 1900 लोगों को बेड मिले हैं। 150-200 लोगों को इसके लिए धक्के भी खाने पड़े।केजरीवाल ने कहा- अभी सरकारी अस्पताल में 4200 बेड खाली हैं। प्राइवेट अस्पताल में सारे बेड भर चुके हैं। हमें बहुत सारी कमियां ठीक करना है। मीडिया को कुछ कमी दिखे तो फोन करके बताएं। यह समय लड़ने का नहीं है। आपस में पार्टियां लड़ती रहीं तो कोरोना जीत जाएगा। जब तक भाजपा, कांग्रेस, आप समेत सारी पार्टियां मिलकर नहीं लड़ेंगी, तब तक जीत नहीं मिलेगी।दिल्ली सरकार ने कहा था- केवल दिल्ली वालों को ही इलाज मिलेगाउन्होंने बताया कि अब दिल्ली में 31 हजार तक केस आ चुके हैं। इनमें 12 हजार लोग ठीक हो चुके हैं, लेकिन आने वाले समय में संक्रमण तेजी से बढ़ने वाला है। दरअसल, दिल्ली सरकार ने कुछ दिन पहले तय किया था कि राज्य सरकार के तहत आने वाले अस्पतालों में सिर्फ दिल्ली के लोगों का इलाज होगा। बाहरी लोग केंद्र सरकार के अस्पताल में इलाज कर सकते हैं। इस आदेश को एलजी बैजल ने पलट दिया था।एलजी बैजल ने कहा था कि दिल्ली सरकार का फैसला समानता और जीवन के अधिकार का उल्लंघन कर रहा था। इसमें स्वास्थ्य का अधिकार भी शामिल है। सभी को स्वास्थ्य सुविधाएं पहुंचाना राज्य सरकार की जिम्मेदारी है। इस संबंध में उप-राज्यपाल ने मंगलवार को एक सर्वदलीय बैठक भी बुलाई थी।
Source: Dainik Bhaskar June 10, 2020 06:52 UTC