Hindi NewsLocalChandigarhMohaliRoad Lanes Were Blocked In One Hour Of Rain, Then Roads Became Ponds, Water Entered The Housesसब पानी-पानी: एक घंटे बारिश में रोड गलियां हुईं ब्लॉक तो सड़कें बन गई तालाब, घरों में घुसा पानीमोहाली 12 घंटे पहलेकॉपी लिंकफेज-4/5 डिवाइडिंग रोड, फायर ब्रिगेड की मदद से निकालना पड़ा पानी।फेज-चार और पांच के एरिया में आई सबसे ज्यादा दिक्कतेंरविवार दोपहर को हुई एक घंटे की बरसात से ही शहर जलमग्न हो गया। शहर की अधिकतर सड़कों पर काफी ज्यादा पानी भरा हुआ दिखाई दिया और शहर का ड्रेनेज सिस्टम जवाब देता हुआ दिखाई दिया। आलम यह था कि सड़कें तालाब का रूप धारण कर चुकी थी और कई जगह घरों में पानी घुस गया।। भारी संख्या में पानी घुसने के कारण फायरब्रिगेड की गाड़ियों को पानी निकालने के लिए बुलाना पड़ा। सबसे ज्यादा पानी फेज-4 और 5 के एरिया में भरा।पहले भी यही एरिया सबसे ज्यादा बरसाती पानी से प्रभावित होते आए हैं। इस बार भी बरसात के पानी की सबसे ज्यादा मार यहीं पर पड़ी और यहां पर लोगों के घरों में पानी घुस गया। इसके चलते लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। शहर की सड़कों पर इतना पानी जमा हो गया था कि उसे निकालने के लिए फायरब्रिगेड को बुलाना पड़ा। फायर ब्रिगेड की गाड़ियों के जरिए फेज-4 बोगलविला गार्डन के बाहर और फेज-5 में रिहायशी एरिया में बरसाती पानी निकालना पड़ा।स्थानीय पार्षद बलजीत कौर ने कहा कि बरसाती पानी भरने के कारण उनकी ओर से फायर ब्रिगेड को मौके पर बुलाया गया था, जिसके बार घरों से पानी निकाला गया है। उन्होंने बताया कि बरसात खत्म होने के 15 मिनट बाद भी बरसाती पानी भी रोड गलियों से होता हुआ गुजर गया था। उन्होंने बताया कि जिस एरिया में अभी रोड गलियां ब्लाॅक हैं और वहां पर बरसाती पानी खड़ा होता है वहां पर दोबारा से रिपेयर समेत साफ सफाई का काम करवाया जाएगा। ताकि बारिश होने पर दोबारा से ऐसी स्थिति न बने और लोगों को परेशानी से राहत मिल सके।अफसरों की लापरवाही के कारण हर साल भरता है पानीइस बार भी शहर में बरसाती पानी की निकासी के प्रबंध फेल होने लोगों में काफी रोष पाया जा रहा है। फेज-4 की एचएम हाउस वेलफेयर एसोसिएशन के चेयरमेन एवं गमाडा के पूर्व एक्सईएन इंजीनियर एनएस कलसी ने कहा कि शहर में बरसाती पानी की निकासी की समस्या लंबे समय से चली आ रही है। लेकिन नगर निगम अब तक इस समस्या का हल नहीं कर पाया है।उन्होंने कहा कि अधिकारियों की ओर से हर बार बड़े-बड़े दावे किए जाते हैं और लोगों को आश्वासन दिया जाता है कि अगले वर्ष समस्या पूरी तरह से खत्म हो जाएगी लेकिन हर वर्ष लोगों को बरसाती पानी की मार झेलनी पड़ती है। कहा कि लोगों के घरों में बरसाती पानी घुसने से जो लोगों का नुकसान होता है उसकी जिम्मेवारी भी निगम को ही लेनी चाहिए।
Source: Dainik Bhaskar August 08, 2021 23:25 UTC