शिमला (हिमाचल प्रदेश): चेरी की अधिक उपज के कारण बाजार में नहीं मिल पा रहा किसानों को सही मूल्यशिमला (हिमाचल प्रदेश): हिमाचल में सेब की फसलों पर आए दिन प्राकृतिक मार पड़ने और मुनाफा घटने के कारण किसान अब वैकल्पिक फसल के रूप में चेरी की बागवानी कर रहे हैं। इस पहाड़ी राज्य के सेब के बगीचों में पिछले कुछ सालों से चेरी की भी बड़ी पैदावार होने लगी है।लेकिन अब चेरी की फसल की पैदावार ज्यादा होने से बागवानी करने वाले किसानों को पहले की तरह बाजार में चेरी की फसल के मुनासिफ दाम नहीं मिल पा रहे हैं..ऐसे में चेरी बागवानी भी सेब की फसलों की तरह किसानों के लिए घाटे का सौदा बनती जा रही है।
Source: Dainik Jagran June 30, 2019 09:45 UTC