इस्लामाबाद, पीटीआइ। पाकिस्तान ने बुधवार को भारत के उप उच्चायुक्त गौरव अहलूवालिया को तलब किया और नियंत्रण रेखा के पास भारतीय सुरक्षा बलों द्वारा अकारण संघर्ष विराम उल्लंघन की निंदा की है। पाकिस्तान ने भारत पर आरोप लगाते हुए कहा है कि भारतीय सेना नागरिक आबादी वाले क्षेत्रों को लगातार निशाना बना रही है। पाकिस्तान के विदेश विभाग ने कहा कि भारतीय सुरक्षा बलों की फायरिंग में तीन पाकिस्तानी नागरिकों की मौत हो गई है।पाकिस्तान विदेश मंत्रालय में अफसर मोहम्मद फैसल ने कहा कि दो मई को एलओसी पर एक 15 वर्षीय लड़के की मौत हो गई और उसकी नौ वर्षीय बहन घायल हो गई। पांच मई को नियंत्रण रेखा के समीप कोटकोटरा सेक्टर में एक महिला और एक 12 वर्षीय लड़के की मौत हो गई। एफओ ने कहा कि नागरिक आबादी वाले क्षेत्रों को जानबूझकर निशाना बनाना वास्तव में मानवीय गरिमा और अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकार कानून का उल्लंघन है। एफओ ने कहा कि संघर्ष विराम का उल्लंघन क्षेत्रीय शांति और सुरक्षा के लिए खतरा है। फैसल ने कहा कि भारत को 2003 के युद्ध विराम व्यवस्था का सम्मान करना चाहिए।बता दें कि पुलवामा आतंकी हमले के बाद पाकिस्तान अंतरराष्ट्रीय बिरादरी में अलग-थलग पड़ गया है। इस हमले की अमेरिका समेत पूरी दुनिया ने निंदा की थी। हालांकि, पाकिस्तान इस हमले से पल्ला झाड़ता रहा है। हाल में सुरक्षा परिषद में आतंकी संगठन जैश-ए-मुहम्मद के सरगना मसूद अजहर को वैश्विक आतंकी घोषित किए जाने के बाद वह पूरी तरह से बौखलाया है। सुरक्षा परिषद में इस बार उसके मित्र चीन ने भी उसका साथ नहीं दिया। इसके बाद उसने भारत पर इस तरह के आरोप लगाया है।लोकसभा चुनाव और क्रिकेट से संबंधित अपडेट पाने के लिए डाउनलोड करें जागरण एपPosted By: Ramesh Mishra
Source: Dainik Jagran May 08, 2019 10:21 UTC