इस बार चर्चा का कारण हादिया के पिता बने हैं. बीजेपी में शामिल होते ही अशोकन ने सीपीएम पर निशाना साधते हुए कहा कि वामपंथी पार्टी के कार्यकर्ता सबरीमाला मंदिर मामले पर नफरत की राजनीति को हवा दे रहे हैं. केरल के इस चर्चित मामले में केएम अशोकन ने आरोप लगाते हुए कहा था कि उनकी बेटी की जबरन शादी कराई गई है. सुप्रीम कोर्ट ने कहा था कि एक्ट की धारा 12(1)सी में साफ लिखा है कि अगर अभिभावकों द्वारा शादी के लिए धोखे से या जबरन सहमति ली गई तो शादी को शून्य करार दिया जा सकता है. धारा 5(2) सी में भी कहा है कि मानसिक रूप से कमजोर व्यक्ति की सहमति को स्वीकार नहीं किया जा सकता.
Source: NDTV December 18, 2018 12:45 UTC