प्रभावित फसलों का सर्वे तत्परता से कराया जाएसुवासरा(नईदुनिया न्यूज)। भारतीय किसान संघ ने किसानों की प्रमुख मांगों को लेकर तहसील कार्यालय में धरना दिया। इसके बाद मुख्यमंत्री के नाम एक ज्ञापन तहसीलदार कविता कड़ेला को सौंपा। ज्ञापन में खरीफ फसल 2020 का बीमा शीघ्र किसानों के खाते में डालने, पात्र किसानों की त्रुटियों को शीघ्रता से सुधारने, अभी हुई ओलावृष्टि से प्रभावित किसानों का सर्वे तत्परता से कराने, पात्र किसानों को ही राहत राशि या बीमा देने, पूर्व में किसानों का सोयाबीन भावांतर 500 रुपये प्रति क्विंटल किसानों के खातों में शीघ्र डालने, ऋण माफी से वंचित किसानों का 2 लाख रुपये क का कर्ज, दंड ब्याज सहित शीघ्र माफ करने जैसी मांगें शामिल थी।भारतीय किसान संघ ने एक ज्ञापन राष्ट्रपति के नाम भी दिया। इसमें मांग की गई कि किसान को उद्यमी, मैनेजर और कुशल कारीगर मानते हुए उसके परिवार की मजदूरी का निर्धारण किया जाए। लागत में जोड़ा जाए फिर न्यूनतम समर्थन मूल्य का निर्धारण किया जाए। अन्यथा किसान के साथ हर बार छलावा ही होता रहेगा। भारतीय किसान संघ वर्ष 1980 से ही लाभकारी मूल्य की बात करता आया है। इसके लिए सूत्र भी तैयार कर फसलों के लागत मूल्य निकाले हैं। कृषि मूल्य आयोग में एक तिहाई प्रतिनिधित्व किसान का होना चाहिये। ज्ञापन में उपरोक्त बिंदुओं के स्थायी समाधान के लिए सरकार को बाध्य करने की मांग की गई। इस दौरान जिलाध्यक्ष कृपालसिंह सोलंकी तरनोद, तहसील अध्यक्ष प्रधानसिंह, जिला सदस्य प्रहलादसिंह, नारायणसिंह, तहसील मंत्री रामसिंह, गोविंदसिंह, कन्हैयालाल पाटीदार, अर्जुनसिंह सहित सैकड़ों किसान मौजूद थे।भारतीय किसान संघ ने सौंपा ज्ञापनसीतामऊ(नईदुनिया न्यूज)। भारतीय किसान संघ द्वारा मंगलवार को तहसीलदार रश्मि श्रीवास्तव को राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री एवं मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। इसमें किसानों को लागत के आधार पर लाभकारी मूल्य दिलाने सहित विभिन्ना मांगे रखी गई। ओलावृष्टि से फसलों में नुकसान का उचित मुआवजा राहत, फसल बीमा राहत राशि किसानों को देने की मांग की गई। जिला ईकाई प्रचार प्रसार प्रमुख मुकेश चौधरी जाट, कोषाध्यक्ष भगवानदास बैरागी, तहसील प्रभारी जिला सहमंत्री भारतसिंह झिरकन सहित अन्या पदाधिकारी मौजूद रहे।Posted By: Nai Dunia News Network
Source: Dainik Jagran January 12, 2022 04:26 UTC