old and unrelated images are being shared with the claim that china...दावालद्दाख क्षेत्र में भारत और चीन के बीच तनाव बढ़ने के साथ ही वॉट्सऐप पर एक फेसबुक पोस्ट का स्क्रीनशॉट शेयर किया जा रहा है। इस पोस्ट में तीन तस्वीरें हैं जो किसी हमले की लग रही हैं और कैप्शन लिखा गया है कि चीन ने भारत पर हमला कर दिया जिसमें हमारे 158 जवान जख्मी हो गए हैं।टाइम्स फैक्ट चेक के एक पाठक ने यह पोस्ट हमारे वॉट्सऐप नंबर 8527001433 पर भेज सच्चाई जाननी चाही।सच क्या है? तस्वीरें पुरानी हैं और इन्हें पहले भी इसी दावे के साथ शेयर किया जा चुका है।कैसे की पड़ताल? शेयर किए गए पोस्ट में से हमने तस्वीरों को क्रॉप करके अलग-अलग सर्च किया जिससे हमें ये परिणाम मिले:पहली और दूसरी तस्वीर:पहली और दूसरी तस्वीर को रिवर्स सर्च करने पर हमें ‘Talk Shows Central’ नाम के यूट्यूब चैनल पर 17 जुलाई, 2017 को अपलोड किया एक विडियो मिला। यह विडियो पाकिस्तानी समाचार चैनल दुनिया न्यूज़ की एक रिपोर्ट थी। इस विडियो में हमें वही तस्वीरें दिखीं जिन्हें अब शेयर किया जा रहा है। विडियो के मुताबिक, चीन ने भारत पर रॉकेट से हमला किया जिसमें 158 भारतीय सैनिक शहीद हो गए।हालांकि, सर्च करने के दौरान ही हमें www.chineseherald.co.nz की रिपोर्ट मिली जिसमें पाकिस्तानी न्यूज़ चैनल की खबर को फर्ज़ी बताया गया था।इससे यह साफ है कि तस्वीरें कम से कम 3 साल पुरानी हैं। टाइम्स फैक्ट चेक इन तस्वीरों को खींचे जाने की असल तारीख की पुष्टि नहीं कर सकता है।तीसरी तस्वीर:तस्वीर को रिवर्स इमेज सर्च करने पर हमें ASIAN LITE INTERNATION नाम की वेबसाइट के एक आर्टिकल का लिंक मिला। 19 जुलाई, 2017 को पब्लिश हुई यह खबर LoC पर पाकिस्तानी गोलाबारी के संबंध में थी, जिसकी वजह से 2 भारतीय जवान शहीद हो गए थे। खबर के साथ इस्तेमाल की गई फोटो ठीक वही थी जिसे अब शेयर किया जा रहा है।फोटो के साथ कैप्शन लिखा था, ‘जम्मू और कश्मीर के राजौरी जिले के तरकुंडी इलाके में LoC पर सीमा पार फायरिंग से शहीद हुए जवान का शव ले जाते अन्य सैनिक।’ तस्वीर के लिए समाचार एजेंसी IANS को क्रेडिट दिया गया था।निष्कर्षटाइम्स फैक्ट चेक ने पाया है कि जिन तस्वीरों को भारत पर चीन के हमले का बताकर शेयर किया जा रहा है वे पुरानी और असंबंधित हैं। चीन ने भारत पर किसी तरह का हमला नहीं किया है।
Source: Navbharat Times September 12, 2020 11:03 UTC