डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष के बीच चीन ने सोमवार को खाड़ी देशों से बाहरी हस्तक्षेप का विरोध करने के लिए एकजुट होने का आग्रह किया। चीन के विदेश मंत्री वांग यी ने ओमान के विदेश मंत्री से फोन पर बातचीत में कहा कि हमें उम्मीद है कि खाड़ी देश एकता को मजबूत करेंगे और पड़ोसी देशों के बीच मित्रता विकसित करेंगे, ताकि वे अपना भविष्य अपने हाथों में रख सकें।ईरानी विदेश मंत्री अब्बास अरागची से बातचीत में वांग ने कहा कि उन्हें विश्वास है कि ईरान राष्ट्रीय और सामाजिक स्थिरता बनाए रख सकता है और साथ ही अपने पड़ोसियों की जायज चिंताओं को भी महत्व दे सकता है। वांग ने खाड़ी देशों द्वारा अपनी संप्रभुता और राष्ट्रीय सुरक्षा की हिफाजत करने का समर्थन किया। यह भी कहा कि ईरान को अपने हितों की रक्षा करने का पूरा अधिकार है। सोमवार को ही वांग की फ्रांस के विदेश मंत्री जीन-नोएल बैरोट के साथ भी फोन पर बातचीत हुई। उन्होंने बैरोट से कहा कि फ्रांस और चीन को मिलकर तनाव कम करने के लिए काम करना चाहिए। वांग ने अमेरिका और इजरायल के हमलों तथा खामेनेई की हत्या को अस्वीकार्य बताया और वार्ता फिर से शुरू करने का आह्वान किया।ईरान के साथ सुपरसोनिक एंटी-शिप मिसाइल सौदे से चीन ने किया इनकार चीन ने ईरान पर अमेरिकी-इजरायली हवाई हमलों से पहले सीएम-302 सुपरसोनिक एंटी शिप मिसाइलें बेचने के सौदे को अंतिम रूप देने की खबरों का खंडन किया। मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, यदि ये मिसाइलें उपलब्ध कराई जाती हैं तो हाल के वर्षों में ये चीन द्वारा ईरान को हस्तांतरित किए जाने वाले सबसे उन्नत सैन्य उपकरणों में से एक होंगी।चीनी विदेश मंत्रालय की प्रवक्ता माओ निंग ने कहा कि सौदे की खबर दुष्प्रचार अभियान का हिस्सा है। यह रिपोर्ट सच नहीं है। एक जिम्मेदार देश के रूप में चीन हमेशा अपने अंतरराष्ट्रीय दायित्वों का पालन करता है। चीन इस दुष्प्रचार का विरोध करता है। इसके साथ ही आशा करता है कि संबंधित पक्ष तनावपूर्ण स्थिति को कम करने के लिए प्रयास करेंगे।
Source: Dainik Jagran March 03, 2026 04:17 UTC