सऊदी अरब के विदेश मंत्री ने इसी हफ्ते पाकिस्तान दौरे पर इस बैठक की जानकारी दी थीमलेशिया द्वारा आयोजित इस्लामिक समिट से पाकिस्तान के दूरी बनाने के एवज में सऊदी अरब ने यह फैसला लियासऊदी अरब और यूएई जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटाने के फैसले को भारत का आंतरिक मामला बताया थाDainik Bhaskar Dec 29, 2019, 06:18 PM ISTनई दिल्ली. सऊदी अरब ने कश्मीर के मुद्दे पर ऑर्गनाइजेशन ऑफ इस्लामिक कोऑपरेशन (ओआईसी) के विदेश मंत्रियों की बैठक बुलाने का फैसला किया है। उसके इस फैसले को पाकिस्तान को खुश करने से जोड़कर देखा जा रहा है। पिछले हफ्ते मलेशिया ने इस्लामिक देशों की बैठक बुलाई थी। लेकिन सऊदी अरब के दबाव में पाकिस्तान ने आखिरी वक्त इस बैठक से दूरी बना ली थी।सऊदी अरब, मलेशिया की इस कोशिश को इस्लामिक ऑर्गनाइजेशन के समानांतर संगठन खड़ा करने का प्रयास मान रहा है। इसी वजह से उसने और यूएई ने इस बैठक से दूर रहने का फैसला लिया था।पाकिस्तान-सऊदी अरब के विदेश मंत्रियों की बैठक में कश्मीर मुद्दे पर बात हुई थीइसी हफ्ते सऊदी अरब के विदेश मंत्री फैसल बिन फरहाद अल-सऊद पाकिस्तान दौरे पर गए थे। यहां उन्होंने पाकिस्तान सरकार को ओआईसी की बैठक के बारे में जानकारी दी थी। प्रिंस फैसल की पाकिस्तान के विदेश मंत्री शाह महमूद कुरैशी से भी बात हुई थी। इसमें कश्मीर मुद्दे पर ओआईसी की भूमिका बढ़ाने पर चर्चा हुई थी। सूत्रों के मुताबिक, पाकिस्तान के विदेश मंत्री ने बैठक में भारत पर आरोप लगाया कि उसने नागरिकता संशोधन कानून और एनआरसी के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे अल्पसंख्यकों को निशाना बनाया।इमरान ने सऊदी विदेश मंत्री को एलओसी पर बिगड़े हालात के बारे में बतायावहीं इस दौरे पर सऊदी विदेश मंत्री ने प्रधानमंत्री इमरान खान से भी मुलाकात की थी। जानकारी के मुताबिक, इमरान ने प्रिंस फैसल को एलओसी पर बिगड़े हालात की जानकारी देते हुए इसे क्षेत्र की शांति और सुरक्षा के लिए खतरा बताया था। हालांकि, कश्मीर मुद्दे पर विदेश मंत्रियों की बैठक का अब तक तारीख का ऐलान नहीं हुआ है।यह साफ है कि सऊदी अरब के इस फैसले से दोनों देशों के संबंध प्रभावित होंगे। पिछले कुछ सालों में सऊदी अरब और भारत के बीच दोस्ताना संबंध देखने को मिले थे। पाकिस्तान ने इस बात पर निराशा जताई थी कि जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटाए जाने पर सऊदी अरब के अलावा कई अरब देशों ने इसका विरोध नहीं किया था।ओआईसी 57 मुस्लिम देशों का संगठनओआईसी में 57 मुस्लिम बाहुल्य देशों का संगठन हैं, जिसमें पाकिस्तान भी शामिल है। कश्मीर मुद्दे पर यह संगठन अक्सर पाकिस्तान के समर्थन में खड़ा रहता है। भारत ओआईसी का सदस्य नहीं है। इसी साल मार्च में पहली बार भारत को गेस्ट ऑफ ऑनर के तौर पर विदेशमंत्रियों की बैठक में हिस्सा लेने के लिए बुलाया गया था।
Source: Dainik Bhaskar December 29, 2019 12:56 UTC