Hindi NewsLocalRajasthanSikarBalbir, Who Drove The Gangster By Firing At The Police Station, Was Found Hiding In The Bathroom Of The In laws' House. Ads से है परेशान? बिना Ads खबरों के लिए इनस्टॉल करें दैनिक भास्कर ऐपअपराध: थाने पर फायरिंग कर गैंगस्टर को भगाने वाला बलबीर ससुराल के बाथरूम में छिपा मिलासीकर 9 घंटे पहलेकॉपी लिंक25 हजार का इनामी 3 माह से उदयपुरवाटी में था, पत्नी को सरपंच का चुनाव लड़ाया, पुलिस को भनक नहींबहराेड़ पुलिस थाने पर एके-47 राइफल व पिस्टलाें से फायरिंग कर हवालात ताेड़कर हरियाणा के गैंगस्टर विक्रम उर्फ पपला गुर्जर काे छुड़ा ले जाने वाले मास्टर माइंड बलबीर गुर्जर काे पुलिस ने उदयपुरवाटी से गिरफ्तार किया है। 25 हजार का इनामी बलबीर गुर्जर ससुराल के बाथरूम में छिपा हुआ था। आराेपी यहां पिछले साढे़ तीन महीने से रह रहा था।उद्योग नगर थानाधिकारी पवन चाैबे ने बताया कि आराेपी बलबीर गुर्जर निवासी पथाना जिला झुंझुनूं का रहने वाला है। पूर्व में सरपंच रह चुका है। फरारी के दाैरान पत्नी काे भी सरपंच का चुनाव लड़ाया था। लेकिन, वह हार गई थी। बलबीर ने पपला गुर्जर काे अलवर के बहराेड़ थाने पर अपने साथियाें के साथ फायरिंग कर फरार कराया था। मामले की जांच एसओजी व एटीएस काे साैंप दी गई थी। सवा साल बाद कांस्टेबल दिनेश ने सूचना दी कि बलबीर रघुनाथगढ़ में छिपा हुआ है। इस पर खेतड़ी थानाधिकारी सुरेंद्र देगड़ा, उद्योग नगर थानाधिकारी पवन चाैबे और जिला विशेष टीम सीकर के प्रभारी अशाेक चाैधरी के नेतृत्व में टीम का गठन कर दादिया, रघुनाथगढ़ व उदयपुरवाटी में बलबीर के संदिग्ध ठिकानाें पर दबिश दी गई।कांस्टेबल दिनेश ने सूचना दी कि उदयपुरवाटी में बलबीर गुर्जर का ससुराल है और वह यहीं छुपा हुआ है। पुलिस ने उसके साले बाबूलाल व साेहन गुर्जर के घर पर दबिश दी ताे पता लगा कि बलबीर बाथरूम में छुपा हुआ है। जिसकाे माैके पर दबाेच लिया गया।मुख्य सरगना पपला गुर्जर अभी भी फरार है। गठित टीम में एएसपी जयपुर, दाे थानाधिकारी, एक जिला विशेष टीम प्रभारी सहित 10 पुलिसकर्मी थे। टीम ने बलबीर गुर्जर काे ताे पकड़ लिया। लेकिन, अभी इसके दाे साथी और फरार चल रहे हैं। प्रकरण में अब तक 23 लाेगाें काे गिरफ्तार किया जा चुका है। टीम में एएसआई महेंद्र, कांस्टेबल हरीश, दिनेश, चाैखाराम, संदीप, अभिषेक, प्रवीण, रमेश, सुरेंद्र व दुर्गाराम की विशेष भूमिका रही।सरपंच से करवाई थी थाने की रैकी, मोबाइल नहीं रखता, ताकि लोकेशन ट्रेस न होशुरूआती पूछताछ में सामने आया है कि बलबीर ने एक सरपंच काे फाेन कर थाने पर रैकी के लिए भिजवाया था। सरपंच ने बताया कि पपला हवालात में बंद है। इसके बाद बलबीर ने पपला गुर्जर काे हवालात से छुड़ाने की याेजना बनाई और टीम के साथ धावा बाेलकर उसकाे छुड़ा ले गया। आराेपी ने हरियाणा, पंजाब और राजस्थान के कई हिस्साें में फरारी काटी।लाेकेशन ट्रेस न हाे, इसके लिए बलबीर अपने पास माेबाइल भी नहीं रखता था। साढे़ तीन महीने से बलबीर अपने ससुराल उदयपुरवाटी में ढाणी में छिपा हुआ था। जिसके आसपास केवल पांच-सात मकान थे। इसके बावजूद पुलिस को भनक तक नहीं लगी। आगे की जांच के लिए आराेपी बलबीर काे एसओजी के हवाले कर दिया गया है।गिरफ्तारी में कांस्टेबल दिनेश की अहम भूमिकाबलबीर काे पकड़वाने में सबसे अहम भूमिका खेतड़ी थाने के कांस्टेबल दिनेश कुमार की रही। दिनेश ने बताया कि बलबीर का पता लगाने के लिए सबसे पहले वे कांस्टेबल चाेखाराम के साथ पथाना गांव पहुंचे। यहां पता लगा कि बलबीर काे हरियाणा के सुरेंद्र उर्फ चीकू का डर था। इसलिए उसने छिपने के लिए अपने ससुराल को चुना।इससे पहले बलबीर ने दादिया, बेरी, काेट, झाझड़, रघुनाथगढ़ में फरारी काटी। भगाेवा गांव के पास नागकुंड में बाबाजी बनकर रहा। शाकंभरी के पहाड़ी पर स्थित मंदिर में छुपा रहा। ससुराल आकर रहने लगा ताे 20 दिन तक पुलिस भेष बदलकर इसकी रैकी करती रही। सूचना पुख्ता हाेते ही दबाेच लिया।शराब काराेबार से आया संपर्क मेंखेतड़ी थानाधिकारी सुरेंद्र देगड़ा ने बताया कि बलबीर गुर्जर का गांव हरियाणा बॉर्डर पर है और यह शराब काराेबार की ठेकेदारी करता था। इसके साथी जब पथाना से पपला के गांव खैरोली में शराब सप्लाई करने जाते थे ताे दाेनाें गुटाें की जान पहचान हाे गई। इस दाैरान हरियाणा में गैंग चलाने वाले सुरेंद्र उर्फ चीकू से बलबीर की दुश्मनी हाे गई ताे बदला लेने के लिए यह पपला के संपर्क में आ गया था।
Source: Dainik Bhaskar December 26, 2020 00:25 UTC