Karnataka Gram Panchayat Election Results 2020: कर्नाटक में ग्राम पंचायत चुनावों के लिए वोटों की गिनती जारीकर्नाटक में 22 दिसंबर और 27 दिसंबर को दो चरणों में हुए ग्राम पंचायत चुनावों के नतीजे आज घोषित किए जाएंगे। राज्य की 226 तालुकाओं की 5728 ग्राम पंचायतों में कुल 91339 सीटों के लिए चुनाव हुआ जिसमें 8074 सीटों के लिए उम्मीदवार निर्विरोध चुने गए हैं।बेंगलुरु, पीटीआइ। हाल ही में कर्नाटक में संपन्न हुए ग्राम पंचायत चुनावों के नतीजे आज आ जाएंगे। इसके लिए कर्नाटक भर में कई स्थानों पर कड़ी सुरक्षा के बीच वोटों की गिनती शुरू हो गई है। कर्नाटक में ग्राम पंचायत चुनाव के दूसरे और अंतिम चरण के लिए रविवार को राज्य के 109 तालुकाओं की 2,709 पंचायतों के लिए मतदान हुआ था।कर्नाटक राज्य निर्वाचन आयोग के अधिकारियों के अनुसार, राज्य के सभी तालुक मुख्यालयों पर कोरोना वायरस के दिशानिर्देशों का सख्ती से पालन हो रहा है। इस दौरान अनिवार्य रूप से फेस मास्क लगाना और सामाजिक दूरी का पालन करना जरूरी है।Karnataka: Counting of votes for Local Body elections underway at a counting centre in Shivamogga pic.twitter.com/4u5w6FhNMP — ANI (@ANI) December 30, 2020राज्य चुनाव अधिकारी बी बसवाराजू ने कहा कि मतगणना की प्रक्रिया 226 केंद्रों पर सुबह 8 बजे शुरू हुई और दोपहर तक नतीजे आने की उम्मीद है। मतगणना केंद्रों पर 1,100 से अधिक सुरक्षाकर्मियों को तैनात किया गया है। 22 और 27 दिसंबर को दो चरणों में आयोजित किए गए चुनाव में 78.58 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया।अधिकारियों के अनुसार, 39,378 सीटों के लिए 1,05,431 उम्मीदवार मैदान में हैं। उन्होंने कहा कि कुल 3,697 उम्मीदवार पहले ही निर्विरोध चुने जा चुके हैं। राज्य में 22 दिसंबर को पहले चरण में 117 तालुकाओं में 3,019 पंचायतों के लिए मतदान हुआ था। राज्य के 226 तालुकाओं के 5,728 गांवों की 72,616 सीटों के लिए मतदान हुआ।कोरोना वायरस महामारी को देखते हुए मास्क पहनने और सामाजिक दूरी के नियम को अनिवार्य किया गया। प्रत्येक बूथ पर मतदाताओं की संख्या 1,500 से घटाकर 1,000 तक सीमित कर दी गई है। चुनाव के सुरक्षित संचालन के लिए लगभग 80,000 पुलिस और सुरक्षाकर्मियों को तैनात किया गया है। उनके अलावा, आंगनवाड़ी, आशा कार्यकर्ता और स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को भी चुनाव ड्यूटी में लगाया गया है।हालांकि ये चुनाव किसी भी पार्टी के प्रतीकों पर नहीं लड़े जाते हैं। हालांकि सभी राजनीतिक दल यह सुनिश्चित करने का प्रयास करते हैं कि उनके द्वारा समर्थित उम्मीदवार को जीत मिले, ताकि जमीनी स्तर की राजनीति पर उनकी पकड़ हो सके।शॉर्ट मे जानें सभी बड़ी खबरें और पायें ई-पेपर,ऑडियो न्यूज़,और अन्य सर्विस, डाउनलोड जागरण ऐप
Source: Dainik Jagran December 30, 2020 05:15 UTC