IMF ने FY20 और FY21 के लिए भारत की जीडीपी में 0.3% की कटौती कीनई दिल्ली (बिजनेस डेस्क)। अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (IMF) ने घरेलू मांग के कारण 2019-20 के लिए भारत के आर्थिक विकास के अपने अनुमान में 0.3 फीसद अंक की कटौती कर इसे 7 फीसद कर दिया है। वहीं, अगले वित्त वर्ष यानी 2020-21 के लिए भी 0.3 फीसद की कटौती करके इसे 7.2 फीसद कर दिया है।आईएमएफ ने अपने अपडेट में कहा, 'भारत की अर्थव्यवस्था 2019 में 7.0 फीसद तक बढ़ने के लिए तैयार है, जबकि 2020 में यह 7.2 फीसद तक बढ़ सकती है। दोनों वर्षों के लिए 0.3 फीसद की गिरावट का संकेत है। चालू वित्त वर्ष के लिए सात फीसद जीडीपी वृद्धि का पूर्वानुमान वित्त मंत्रालय के अनुमान के अनुरूप है।मालूम हो कि आईएमएफ ने अप्रैल में 7.3 फीसद का अनुमान जाहिर किया था। हालांकि, अब विकास दर घटकर 6.8 फीसद पर आ गई, जिसे आईएमएफ ने स्वीकार कर लिया है। इसका मतलब यह है कि कम जीडीपी वृद्धि भी इस वित्तीय वर्ष में आर्थिक विस्तार को आगे नहीं बढ़ा पाएगी।इसके साथ ही विश्व बैंक भारत में आर्थिक विकास के लिए अपने अनुमानों के मामले में सबसे आगे रहा है। इसने अगले तीन वित्त वर्ष के लिए भारत की जीडीपी वृद्धि दर को 7.5 रहने का अनुमान जताया था, जिसमें वर्तमान वित्त वर्ष भी शामिल है।फिर भी भारत दुनिया में सबसे तेजी से बढ़ती बड़ी अर्थव्यवस्था बना रहेगा। विकास के संदर्भ में निकटतम प्रतिद्वंद्वी - चीन को आईएमएफ द्वारा 2019 में 6.2 फीसद और 2020 में 6 फीसद की वृद्धि का अनुमान लगाया गया था। पहले के अनुमानों से दोनों वर्षों के अनुमानों में 0.1 फीसद अंक की कटौती की गई थी। चीन 2018 में 6.6 फीसद बढ़ा।Posted By: Nitesh
Source: Dainik Jagran July 23, 2019 14:03 UTC