इस वित्त वर्ष के दौरान आम लोगों और सरकार को जिन परिस्थितियों से गुजरना पड़ा, वैसी स्थिति पहले भी कभी आई हो, ऐसा उल्लेख नहीं मिलता है। जाहिर है कि ऐसी परिस्थिति में देश के वित्त मंत्री के समक्ष भी चुनौतियां बढ़ गई हैं। अब, जबकि केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने वर्ष 2021 के बजट को बनाना शुरू कर दिया है, तो सबके मन में एक सवाल जरूर उठ रहा होगा कि बज़ 2021 में उनके लिए क्या होगा। वैसे भी, निर्मला सीतारण ने वादा किया है कि इस बार वह ऐतिहासिक बजट बनाने जा रही हैं। हम भी उम्मीद कर रहे हैं कि इस बार वित्त मंत्री की झोली में चुनिंदा लोगों के लिए ही नहीं, बल्कि समाज के हर वर्ग के लिए कुछ न कुछ सौगात जरूर होगी। वैसे भी कोरोना ने मध्यम वर्ग एवं निम्न मध्यम वर्ग को कुछ ज्यादा ही परेशान किया है। इसलिए वही, इस बजट से सबसे ज्यादा अपेक्षा रख रहे हैं। आम आदमी चाहते हैं बेहतर अस्पताल, बेहतर स्वास्थ्य सुविधा तो भविष्य पर नजरें टिकाए लोग सोचते हैं बेहतर शिक्षा व्यवस्था। वेतनभोगियों की निगाह जहां इनकम टैक्स के स्लैब पर अटकी है। वह इनकम टैक्स एक्ट की विभिन्न धाराओं के अंतर्गत आयकर में अधिक से अधिक छूट की बाट जोह रहे हैं। अर्थव्यवस्था को एक बार फिर से पटरी पर लौटा रहा उद्योग जगत कुछ इसी तरह के बजट की आशा कर रहा है। ऐसा बजट, जिससे उनका कारोबार चलाना सुगम हो और वह समाज के लिए अधिक से अधिक रोजगार के अवसर सृजित कर सके। तो, अब इंतजार है अगले एक फरवरी का, जिस दिन वित्त मंत्री संसद में वर्ष 2021-22 के लिए बजट पेश करेंगी।
Source: Navbharat Times February 08, 2021 08:03 UTC