विदेशमंत्री एस जयशंकर ने बुधवार को नारायणी बसु द्वारा लिखी गई वीपी मेनन की जीवनी के विमोचन के बाद एक के बाद एक कई ट्वीट किए. उन्होंने अपने ट्वीट में लिखा कि वीपी मेनन की जीवनी से उन्होंने जाना कि 1947 में जवाहरलाल नेहरु सरदार पटेल को अपने कैबिनेट में जगह नहीं देना चाहते थे. साथ ही उन्होंने अपने ट्वीट में लिखा, 'नारायणी बसु की ओर से लिखी गई वीपी मेनन की जीवनी में पटेल के मेनन और नेहरू के मेनन में काफी विरोधाभास देखने को मिला. साथ ही उन्होंने कहा कि राजनीति के इतिहास को लिखने के लिए हमें पूरी ईमानदारी की जरूरत होती है." साथ ही उन्होंने कहा कि राजनीति के इतिहास को लिखने के लिए हमें पूरी ईमानदारी की जरूरत होती है.
Source: NDTV February 13, 2020 04:41 UTC