करनाल की अनाजमंडी-सब्जीमंडी में अटल किसान मजदूर कैंटीन शुरूDainik Bhaskar Dec 30, 2019, 06:02 AM ISTकरनाल. सीएम मनोहर लाल ने कहा कि मजदूरों व किसानों के लिए शुरू की गई अटल किसान-मजदूर कैंटीन योजना कारगर साबित होगी। इससे सब्जी मंडी, अनाज मंडी में आने वाले मजदूरों को सस्ती दर पर पौष्टिक आहार मुहैया करवाया जाएगा। प्रदेश के शुगर मिलों में भी इस तरह की कैंटीन की व्यवस्था शुरू कराई जाएगी। भोजन हर व्यक्ति को समय पर मिलना चाहिए। वे नई अनाजमंडी- सब्जीमंडी में अटल किसान मजदूर कैंटीन के उद्घाटन अवसर पर उपस्थित लोगों को संबोधित कर रहे थे।इस मौके पर सीएम ने कहा कि शहर के अंदर से सब्जीमंडी नई अनाजमंडी में शिफ्ट होने से सबको लाभ हुआ है। पुरानी सब्जीमंडी के स्थान पर नगर निगम कोई अच्छा काम करेगा। इस मौके पर सीएम ने कैंटीन में आमजन के साथ बैठकर भोजना किया। सीएम ने स्वयं काउंटर पर पैसे देकर कूपन लिया और फिर अगली विंडो पर कूपन देकर खाने की थाली ली। उनके साथ-साथ प्रशासनिक अधिकारियों ने 10 रुपए की थाली के भोजन का अानंद लिया।कहा- मुख्यमंत्री नहीं मुख्य सेवक बनकर काम करता हूंसीएम ने कहा ने कैंटीन के उद्घाटन के अवसर पर कहा कि उनका प्रयास है कि किसी को अपने कार्यों के लिए कोई कठिनाई नहीं आनी चाहिए। मैं कभी भी मुख्यमंत्री बनकर कार्य नहीं करता बल्कि मुख्य सेवक बनकर कार्य करता हूं।पीयन से सीएम तक चिंता करे कि हर व्यक्ति तक सेवा-सुविधा पहुंचेसीएम ने कहा कि अटल बिहारी वाजपेयी जी अच्छे शासक भी थे। उनके जन्म दिवस को पिछले छह साल से सुशासन दिवस में रूप में मनाया जाता है। लेकिन वर्ष 2020 को प्रदेश में सुशासन संकल्प वर्ष के रूप में मनाया जाएगा। आज हर व्यक्ति फरियादी बनकर घूम रहा है। उसे अपने कार्यों के लिए लाइन में लगना पड़ता है। लेकिन पीयन से लेकर सीएम तक यह चिंता करे कि सरकार की सेवा व योजनाओं को हर व्यक्ति, घर तक लेकर जाएंगे।कहा- वह जेजेपी का अंदरूनी मामला है, मैं टिप्पणी नहीं करूं तो ही अच्छासीएम मनोहर लाल सेक्टर-12 में साइकिल रैली को हरी झंडी देने के मीडिया से मुखातिब हुए। एक सवाल के जवाब में जेजेपी के विधायकों में कलह देखी जा रही है। नारनौंद विधायक रामकुमार गौतम लगातार डिप्टी सीएम दुष्यंत चौटाला पर आरोप लगा रहे हैं कि उन्होंने खुद 11 मंत्रालय अपने पास रख लिए और विधायकों को कुछ नहीं दिया। इस पर सीएम ने कहा कि इस विषय पर मैं टिप्पणी न करूं तो ही अच्छा है। वह हमारी सहयोगी पार्टी है। उस पार्टी का अपना अंदरूनी मामला है। और जो आंतरिक मामले हाेते वे बैठकर निपटा लेंगे। यह काेई बड़ी बात नहीं है।
Source: Dainik Bhaskar December 30, 2019 00:33 UTC