जागरण संस, पोटका। झारखंड के पोटका प्रखंड के रोलाडीह मौजा में 7 एकड़ 40 डिसमल भूमि पर पत्थर खनिज खनन पट्टे के खिलाफ ग्रामीणों ने ग्रामसभा में जोरदार विरोध दर्ज किया। क्रिस्टल मीनिंग पार्टनर सुधांशु शेखर एवं अन्य के 29 जुलाई 2025 के आवेदन के आलोक में आयोजित इस बैठक में सैकड़ों ग्रामीणों ने सर्वसम्मति से खनन को नामंजूर कर दिया।ग्रामीणों का नारा रहा- "जान देंगे मगर पहाड़ नहीं देंगे।" बीडीओ अरुण कुमार मुंडा के निर्देश पर पंचायत सचिव सुनील बेरा की उपस्थिति में ग्राम प्रधान अमल रंजन सरदार की अध्यक्षता में हुई ग्रामसभा में ग्रामीणों ने पर्यावरण और स्वास्थ्य को खतरे की ओर ध्यान दिलाया।वक्ताओं ने बताया कि रोलाडीह पहाड़ी के पास नदी बहती है और जाहेर थान समेत पूजा स्थल हैं। खनन से जल, वायु एवं ध्वनि प्रदूषण बढ़ेगा, जिससे ग्रामीणों का स्वास्थ्य प्रभावित होगा और सामाजिक एकता को ठेस पहुंचेगी।मुखिया पानो सरदार, ग्राम प्रधान अमल रंजन सरदार, आनंद दास, शंकर सिंह मुंडा, भौटीराम बास्के, सरस्वती सरदार, मुनीता सरदार तथा पंचायत समिति सदस्य छवि रानी दास ने विचार रखे। उन्होंने प्रशासन से मांग की कि किसी भी सूरत में खनन लीज स्वीकृत न हो।बैठक के बाद ग्रामीणों ने एकजुट होकर प्रदर्शन किया और नारेबाजी करते हुए विरोध जताया। क्षेत्र में यह मुद्दा ग्रामीणों के बीच आक्रोश का विषय बन गया है।पोटका जैसे खनिज समृद्ध इलाकों में अवैध खनन और पर्यावरण क्षति की घटनाएं बढ़ रही हैं, जिससे स्थानीय लोग सतर्क हो गए हैं। जिला प्रशासन ने ग्रामसभा के प्रस्ताव को गंभीरता से लेने का संकेत दिया है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि खनन प्रयास पर कोई समझौता नहीं होगा।
Source: Dainik Jagran February 27, 2026 15:12 UTC