Dainik Bhaskar May 14, 2019, 07:23 AM ISTमंगेतर ने डॉक्टर का लेटर दिखाया, कहा- अभी विदेश भेजा, तो जान जाने का खतरा31 साल की भवानी एस्पाथी 2010 में पढ़ाई के लिए ब्रिटेन गई थींलंडन. पाचन तंत्र संबंधी बीमारी से जूझ रहीं भारतीय महिला को ब्रिटेन के आव्रजन विभाग के अधिकारियों ने जबरन भारत भेजने की धमकी दी है। जबकि ऑपरेशन के बाद वे एक-डेढ़ हफ्ते से कॉमा में हैं। 31 साल की भवानी एस्पाथी ने छुट्टियां बढ़ाने के लिए आवेदन किया गया था, जिसे अस्वीकार कर दिया गया। इसके बाद उन्हें ब्रिटेन से कभी भी जबरन बाहर भेजा जा सकता है।इस निर्णय पर विभाग की जमकर आलोचना हो रही है। लोग अधिकारियों को असंवेदनशील बता रहे हैं। वकीलों और राजनेताओं का कहना है, ‘‘ब्रिटेन सरकार के आव्रजन नियमों के कारण लोगों को सुरक्षित माहौल से मौत के मुंह में भेजा रहा है।’’मंगेतर ने फैसले के खिलाफ अपील कीभवानी के 33 साल के मंगेतर मार्टिन मंगलर ने विभाग के फैसले के खिलाफ अपील की है। मंगेतर का कहना है कि भवानी अभी भी बेहोश हैं। उन्होंने डॉक्टर का मेडिकल लेटर दिखाते हुए कहा, अगर ऐसी हालत में उन्हें देश से बाहर भेजा गया, तो उनकी जान जा सकती है। जो इलाज यहां है, वह भारत में उपलब्ध नहीं है। जबकि अफसरों का कहना है कि इलाज की वजह से भवानी को ब्रिटेन में रहने का अधिकार नहीं मिल जाता।मदद के लिए चलाया था ऑनलाइन अभियानभवानी 2010 में पढ़ाई के लिए ब्रिटेन गई थीं। यहां उन्होंने कला के क्षेत्र में काम शुरू किया। इस दौरान उन्हें दुर्लभ बीमारी क्रोन्स (पाचन तंत्र संबंधी) हो गईं। उनकी मदद के लिए एक ऑनलाइन अभियान भी चलाया गया था।
Source: Dainik Bhaskar May 14, 2019 01:52 UTC