Dainik Bhaskar May 08, 2019, 02:11 PM ISTपुलिस ने मंगलवार को इंद्रराज, मुकेश और बुधवार को अशोक को गिरफ्तार किया, बाकी 2 आरोपियों की तलाश जारी26 अप्रैल को पति के सामने पत्नी से 5 युवकों ने ज्यादती की थी, घटना के विरोध में लगातार प्रदर्शनजयपुर/अलवर. अलवर के थानागाजी इलाके में पति को बंधक बनाकर पत्नी से गैंगरेप मामले को चुनाव के कारण छिपाने वाली पुलिस 12 दिन में तीन आरोपियों को ही गिरफ्तार कर सकी है। दो आरोपी अब भी पुलिस गिरफ्त से दूर हैं। घटना के बाद से राजस्थान भर में लगातार विरोध-प्रदर्शन का दौर जारी है। मंगलवार को पुलिस ने दो आरोपी इंद्रराज और मुकेश को गिरफ्तार कर लिया था। भीम आर्मी चीफ चंद्रशेखर भी बुधवार को थानागाजी पहुंचे।पुलिस के मुताबिक, वायरल वीडियो के आधार पर कार्रवाई की जा रही है। पुलिस ने बुधवार सुबह तीसरे आरोपी अशोक को गिरफ्तार किया है। मंगलवार को इंद्रराज और घटना का वीडियो बनाने वाला मुकेश को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस छोटेलाल और हंसराज की तलाश में छापेमारी कर रही है।थानागाजी के एसओ, एसआई और तीन सिपाही सस्पेंडइससे पहले मंगलवार को डीजीपी ने अलवर के एसपी राजीव पचार को यहां से हटाकर कार्यमुक्त कर दिया था। हालांकि, कार्मिक विभाग ने इसके पीछे प्रशासनिक कारण बताए हैं। मामले में लापरवाही बरतने काे लेकर थानागाजी थाने के प्रभारी सरदार सिंह को सस्पेंड कर दिया गया।जबकि एएसआई रूपनारायण, सिपाही रामरतन, महेश कुमार और राजेंद्र काे लाइन हाजिर किया गया है। थानागाजी थाने में 29 पुलिसकर्मियों का स्टाफ है।क्या है मामलाघटना 26 अप्रैल की है। पति और पत्नी गांव लालवाड़ी से तालवृक्ष जा रहे थे। थानागाजी-अलवर बाईपास रोड पर दुहार चौगान वाले रास्ते में 5 युवकों ने उन्हें रोका और पति काे बंधक बनाकर मारपीट की। पत्नी से गैंगरेप कर वीडियाे बना लिया। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आरोपियों ने पीड़ित दंपती से वीडियो वायरल करने की धमकी देकर पैसे भी वसूल किए। आरोपियों ने फिर पैसों की डिमांड की तो परेशान दंपती 30 अप्रैल काे अलवर एसपी के पास पहुंचे थे। इसके बाद थानागाजी पुलिस थाने ने 2 मई काे एफआईआर दर्ज की। वीडियो वायरल होने के बाद घटना 6 मई को सार्वजनिक हुई।आरोपी ट्रक ड्राइवर इंद्रराज ससुराल आया थाआईजी सेंगाथिर ने बताया कि मंगलवार को पकड़ा गया आरोपी इन्द्रराज ट्रक ड्राइवर है। वह 26 अप्रैल को थानागाजी स्थित ससुराल आया था। यहां साथी छोटेलाल, अशोक, महेश और हंसराज से मिला, तभी उसकी नजर बाइक से जा रहे दंपती पर पड़ी। उसके बाद उन्होंने अन्य साथियों को भी बुला लिया और दंपती का पीछा करना शुरू कर दिया। पांचों ने मिलकर दंपती को रोका और वारदात को अंजाम दिया। आरोपियों में दो नारायणपुर, दो थानागाजी और एक बानसूर का रहने वाला है।गहलोत ने कहा- घटना दुर्भाग्यपूर्ण, महिला सुरक्षा के लिए सरकार प्रतिबद्धमुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने घटना काे दुर्भाग्यपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि पुलिस द्वारा किसी भी स्तर पर लापरवाही या अनियमितता पाए जाने पर सख्त कार्यवाही होगी। महिला सुरक्षा के प्रति सरकार पूर्णतया प्रतिबद्ध है।वसुंधरा ने कहा- दुष्कर्म की यह घटना राजस्थान के लिए बेहद शर्मनाकपूर्व सीएम वसुंधरा राजे ने भास्कर की खबर को रिट्वीट करते हुए लिखा- सामूहिक दुष्कर्म की यह घटना प्रदेश के लिए बेहद शर्मनाक है। ऐसे जघन्य अपराध कांग्रेस सरकार के महिला और बेटियों को सुरक्षित माहौल देने के दावों की पोल खोल रहे हैं।दलित वोट के लिए गहलोत ने भुलाया राजधर्मबेनीवाल ने कहा कि बड़े नेताओं और सीएमओ के इशारे पर डीजीपी ने मामले को दबाया था। बेनीवाल ने कहा कि तत्काल प्रभाव से डीजीपी को हटाया जाना चाहिए ताकि एक संदेश जाए। उन्होंने कहा कि जरूरत पड़ी तो आन्दोलन किया जाएगा और मामले में कौन दोषी है और किसके इशारे पर मामले को दबाने का प्रयास हुआ इसके लिए सीबीआई जांच होनी चाहिए।
Source: Dainik Bhaskar May 08, 2019 07:52 UTC