उनके पिता की आय का केवल एक ही जरिया है और वह है चौकीदारी. आयुष्मान की मां भी मजदूरी करके घर के खर्चों में हाथ बंटाती हैं. सोशल मीडिया पर तो कभी भी जा सकते हैं, लेकिन पढ़ाई का लक्ष्य पूरा नहीं हो सकता है, इसलिए मैंने पढ़ाई को प्राथमिकता दी है.' जैसे ही पिता को अपने बेटे की कामयाबी के बारे में पता लगा तो वह खुशी से उछल पड़े. आयुष्मान की मां का कहना है कि उनका बेटा बड़ा इंजीनियर बनें, यही इच्छा है लेकिन उन्हें इसी बात की चिंता है कि आयुष्मान की आगे की पढ़ाई के लिए पैसा कहां से आएगा.
Source: NDTV May 16, 2019 03:06 UTC