अब विदेशियों का ई-रिक्शा पलटने के बाद उनके साथ जो हुआ है, उसे लोग यूजर्स भी कमेंट सेक्शन में जमकर रिएक्शन दे रहे हैं, तो कुछ लोग ‘कहीं तो डॉलर गिरा’ जैसे हल्के कमेंट्स भी करते नजर आ रहे हैं। जबकि कुछ महानभावों का यह भी तर्क है कि उन विदेशियों के पास अच्छे खासे पैसे होते हैं, लेकिन फिर भी वह भारत में चीप सफर करने का विकल्प ढूंढते हैं।चलिए, विदेशियों को आप फिर भी ऐसा कह सकते है कि वह इंडिया घूमने में ज्यादा पैसे नहीं खर्च करते, लेकिन आम भारतीय का क्या? जो रोज ऐसे ई-रिक्शा में बैठा करते हैं, जिसमें सेफ्टी कोई खास गारंटी नहीं होती। ऐसे में अगर जरूरी कुछ है, तो वह ई-रिक्शा को और सुरक्षित बनाना। साथ ही, उसे चलाने वालों की भी प्रॉपर ट्रेनिंग होनी चाहिए। ताकि ऐसी घटनाओं को रोका जा सकें।
Source: Navbharat Times February 18, 2026 07:28 UTC