जागरण संवाददाता, पश्चिमी दिल्ली : नजफगढ़ में 100 करोड़ की लागत से बन रहे 100 बिस्तरों वाले अस्पताल का इंतजार एक अरसे से हो रहा है। कोरोना संक्रमण की वजह से लाकडाउन की स्थिति नहीं आती तो यह अस्पताल बनकर तैयार हो जाता।नजफगढ़ स्थित प्राथमिक चिकित्सा केंद्र के परिसर में बन रहे इस अस्पताल के शुरू हो जाने से यहां के निवासियों को हरिनगर स्थित दीनदयाल, सफदरजंग सहित अन्य अस्पतालों की ओर दौड़ नहीं लगाना पड़ेगा।डेढ़ दशक पहले इस अस्पताल की नींव पड़ी थी , लेकिन पेड़ काटने के मसले को लेकर पहले वन विभाग ने अड़चन डाल दिया , इसके बाद इस वर्ष लॉकडाउन की वजह से काम बंद रहा। गौरतलब है कि सबसे पहले इस अस्पताल की नींव पूर्व सांसद और दिल्ली के मुख्यमंत्री रह चुके साहिब सिंह वर्मा ने रखी थी। दोबारा से इस अस्पताल के निर्माण कार्य की शुरुआत पूर्व सांसद महाबल मिश्रा ने की थी । पिछले साल तीसरी बार इस अस्पताल की नींव पश्चिमी दिल्ली के सांसद प्रवेश साहिब सिंह वर्मा ने रखी थी तब भी उम्मीद नहीं थी कि इस अस्पताल का निर्माण कार्य शुरू हो पाएगा। हालांकि, अस्पताल का ओपीडी और आपातकालीन कक्ष के लिए भवन तैयार हो चुका है। शेष हिस्से में भी काम चल रहा है। उम्मीद की जा रही है कि इस अस्पताल में जल्दी अन्य सेवाएं भी शुरू हो जाएगी। दैनिक जागरण से बातचीत में अस्पताल के निर्माण कार्य का देखरेख कर रहे रोशनपुरा वार्ड के निगम पार्षद सतपाल मलिक ने कहा ' हम हर सप्ताह निर्माण कार्य की समीक्षा कर रहे हैं। कोशिश हो रही है कि निर्माण कार्य में तेजी आए और इसे जल्द ही आम जनता के लिए खोल दिया जाए। 'डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस
Source: Dainik Jagran December 25, 2020 18:22 UTC