Hindi NewsLocalUttar pradeshMathuraThe Secretary Of The Mathura District Legal Services Authority Did A Surprise Inspection Of The District Jail, During The Inspection, Told The Women Prisoners Their Rightsजिला जेल का औचक निरीक्षण: जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव ने किया मथुरा जेल का औचक निरीक्षण, महिला कैदियों को बताए उनके अधिकारमथुरा 16 घंटे पहलेकॉपी लिंकनिरीक्षण करने जिला कारागार पहुंचीं सचिव विधिक सेवा प्राधिकरण सोनिका वर्मा ने सबसे पहले जिला महिला बैरक में महिला बंदियों के लिए विधिक साक्षरता शिविर का आयोजन किया ।उत्तर प्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण मथुरा की सचिव ने मंगलवार को जिला जेल का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान महिला कैदियों को उनके अधिकारों की जानकारी दी गई। वहीं कैदियों को दी जाने वाली सुविधाओं को भी परखा। करीब 3 घंटे तक विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव ने जिला जेल का बारीकी से निरीक्षण किया ।विधिक साक्षरता शिविर का किया आयोजननिरीक्षण करने जिला कारागार पहुंचीं सचिव विधिक सेवा प्राधिकरण सोनिका वर्मा ने सबसे पहले जिला महिला बैरक में महिला बंदियों के लिए विधिक साक्षरता शिविर का आयोजन किया। शिविर में मौजूद महिला बंदियों को उनके अधिकारों ओर कर्तव्यों के संबंध में बताया गया। इसके साथ ही कोविड-19 से बचने लिए मास्क व सैनिटाइजर का प्रयोग व सोशल डिस्टेंस का पालन करने लिए निर्देशित किया गया। शिविर में जेल अधीक्षक ने जानकारी दी कि सभी महिला बंदियों को वैक्सीन लग चुकी है।शिविर में उपस्थित महिला बंदियों को उनके अधिकारों व कर्तव्यों के संबंध में बताया गया कि जिला कारागार में बंद होने के दौरान क्या-क्या अधिकार व कर्तव्य हैंजिला जेल में बंद हैं 74 महिलाएंजेल अधीक्षक ब्रजेश कुमार ने बताया कि वर्तमान में महिला बैरक में 74 महिला बंदी अलग अलग मामलों में बंद हैं। कोविड-19 को देखते हुए सभी महिला बंदियों द्वारा मास्क का प्रयोग किया जा रहा है। महिला बंदियों द्वारा बताया गया कि सभी के पास उनके व्यक्तिगत अथवा सरकारी अधिवक्ता मौजूद हैं। महिला बैरक में उनके परिजन और अधिवक्ता से बात करने के लिए पीसीओ की सुविधा दी गई है। महिला बंदियों ने खाने-पीने की किसी प्रकार की समस्या से इंकार किया। महिला बंदियों के साथ 7 भी बच्चे रह रहे हैं।जेल के रसोई घर का किया निरीक्षणशिविर के बाद सचिव सोनिका वर्मा ने जेल के रसोई घर का निरीक्षण किया। निरीक्षण दौरान रसोई में बंदियों द्वारा भोजन तैयार किया जा रहा था। एक नई बड़ी मशीन द्वारा रोटियां सेकी जा रही थीं। इस दौरान रसोई में उनको साफ-सफाई भी मिली।जिला जेल में बंद 20 महिला कैदी मानसिक रोग से पीड़ितजिला कारागार चिकित्सालय के निरीक्षण दौरान पाया गया कि इस चिकित्सालय में 55 बंदी मरीजों का इलाज किया जा रहा है। जिसके बाद सचिव सोनिका वर्मा ने सभी बंदी मरीजों से बातचीत की। इसके बाद डॉक्टर से सभी के स्वास्थ्य व इलाज के बारे में जानकारी ली गई। वर्तमान में जिला कारागार मथुरा में 20 बंदी मानसिक रूप से पीड़ित हैं, जिनके इलाज के लिए एक मनोचिकित्सक की जरूरत है।बच्चा बैरक में मिली सभी सुविधाएंबच्चा बैरक के निरीक्षण दौरान पाया कि इस बैरक में 18 वर्ष से 21 वर्ष तक के कुल 52 कैदी जेल में बंद हैं। जिनमें से 48 बंदी निरीक्षण दौरान उपस्थित थे। सभी के पास व्यक्तिगत अथवा सरकारी अधिवक्ता मौजूद हैं। इस बैरक में मनोरंजन के लिए टीवी तथा एक म्यूजिक सिस्टम लगाया गया है। इसके साथ ही पीसीओ की सुविधा भी इस बैरक में है।
Source: Dainik Bhaskar August 10, 2021 17:03 UTC