कश्मीर पर चीन के बयान से भड़की कांग्रेस, कहा- मोदी सरकार को देना चाहिए चिनफिंग को कठोर संदेशनई दिल्ली, जागरण ब्यूरो। कश्मीर मामले को संयुक्त राष्ट्र चार्टर के तहत सुलझाने के चीन के बयान पर बेहद कड़ा एतराज जाहिर करते हुए कांग्रेस ने केंद्र सरकार से चीन को इसका मुंहतोड़ कूटनीतिक जवाब देने को कहा है। पार्टी ने सरकार से कहा है कि चीन को जवाब देने के लिए भारत को भी तिब्बत और हांगकांग के मुद्दे का समाधान संयुक्त राष्ट्र के जरिए करने की मांग उठानी चाहिए।केंद्र सरकार के कठोर जवाब नहीं देने पर सवालकांग्रेस प्रवक्ता मनीष तिवारी ने चीन के राष्ट्रपति शी चिनफिंग के इस बयान की उनकी कश्मीर पर नजर है, पर केंद्र सरकार के कठोर जवाब नहीं देने पर सवाल उठाया। तिवारी ने ट्वीट कर कहा कि जब चिनफिंग ऐसी बात कह रहे तो पीएमओ और विदेश मंत्रालय यह क्यों नहीं कह रहा कि हांगकांग में लोकतंत्र समर्थक विरोध प्रदर्शनों को जिस तरह कुचला जा रहा उस पर हमारी भी नजर है। इसी तरह चीन के शिनजियांग प्रांत में मानवाधिकारों के घोर उल्लंघन को भी हम देख रहे हैं। साथ ही, तिब्बत में वहां के लोगों के लगातार दमन पर भी भारत की नजरें हैं। दक्षिण चीन सागर में उसकी नीतियों पर भी हमारी निगाह है। कांग्रेस नेता ने चीन की पाक परस्त नीति पर प्रहार करने के लिए इन मुद्दों पर चीन को आईना दिखाने के लिए कहा।PoK और गिलगिट-बालटिस्तान पाक से वापस लेने की जोर-शोर से हुंकारमनीष तिवारी ने दूसरे ट्वीट में चीन को लेकर एनडीए-भाजपा सरकार की नरम नीति को लेकर उसे आड़े हाथों भी लिया। उन्होंने कहा कि एनडीए-भाजपा के लोग पाक अधिकृत कश्मीर और गिलगिट-बालटिस्तान पाकिस्तान से वापस लेने की जोर-शोर से हुंकार भरते हैं, मगर इनमें कोई भी चीन से अक्साई चीन वापस लेने की बात नहीं करता। तिवारी ने पीएमओ से सवाल किया कि क्या पीएम मोदी और राष्ट्रपति चिनफिंग की बैठक में प्रधानमंत्री अक्साई चीन का हिस्सा वापस लेने का मुद्दा उठाएंगे? पाकिस्तान ने 1963 में अक्साई चीन के हिस्से को चीन के हवाले कर दिया था।यह भी पढ़ें: जानें- पीएम मोदी-राष्ट्रपति चिनफिंग की मुलाकात पर क्या कहती है चीन की सरकारी मीडियाPosted By: Tilak Rajअब खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस, डाउनलोड करें जागरण एप
Source: Dainik Jagran October 10, 2019 14:03 UTC