अधर में लटकी मध्य प्रदेश की तीर्थ दर्शन योजना, करतारपुर साहिब की ट्रेन को है हरी झंडी का इंतजारभोपाल, स्टेट ब्यूरो। मध्यप्रदेश में मुख्यमंत्री कमलनाथ ने पाकिस्तान स्थित करतारपुर साहिब गुरद्वारा को मुख्यमंत्री तीर्थ दर्शन योजना में शामिल तो कर लिया, लेकिन यह यात्रा कब होगी, इस बारे में निर्णय नहीं हो पाया। पंजीयन की औपचारिकताएं एवं अन्य पेचीदगियों के चलते वृद्ध तीर्थ यात्रियों की ट्रेन को हरी झंडी नहीं हो पा रही है।मुख्यमंत्री ने करीब सवा महीने पहले गुरनानक देव के 550वें जन्मोत्सव के उपलक्ष्य में यह एलान किया था। इसके बाद अध्यात्म विभाग ने गुरद्वारा दरबारपुर साहिब करतारपुर को भी तीर्थ दर्शन योजना में शामिल कर लिया, लेकिन दूसरा देश होने के चलते अभी कई तरह की औपचारिकताएं बाकी हैं, इसलिए विभागीय स्तर पर इस संबंध में प्रक्रियात्मक स्थिति पूरी तरह स्पष्ट नहीं हो पाई है।60 साल से अधिक उम्र के सिख तीर्थयात्रियों के लिए थी ट्रेनबताया जाता है कि मानसरोवर, श्रीलंका स्थित सीता माता मंदिर और अंगकोरवाट मंदिर के दर्शन को मप्र के तीर्थयात्रियों को भेजने की अलग योजना है। यही वजह है कि तीर्थ दर्शन योजना से करतारपुर गुरद्वारा को जोड़ने और वहां तक 60 साल से अधिक उम्र के सिख तीर्थयात्रियों की ट्रेन भेजने में कई पेंच सामने आ रहे हैं। सरकार की घोषषणा के महीने भर बाद भी इस मुद्दे पर बात आगे नहीं बढ़ पाई। विभागीय सूत्रों का कहना है कि सारी बाधाएं दूर करने और प्रक्रियात्मक तैयारियां पूरी करने में अभी और वक्त लगेगा।13 नवंबर को किया था एलानउल्लेखनीय है कि 9 नवंबर को पाकिस्तान ने करतारपुर साहिब कॉरिडोर भारतीय तीर्थयात्रियों के लिए खोल दिया था। इसके बाद 13 नवंबर को प्रदेश के मुख्यमंत्री कमलनाथ ने इस तीर्थ दर्शन योजना में शामिल करने का एलान किया था। आईआरसीटीसी इस मामले में सरकार के निर्देशों का इंतजार कर रहा है। उसने अपनी ओर से प्रारंभिक तैयारियां कर ली हैं, जिसके अनुसार मप्र से तीर्थयात्रियों की ट्रेन पंजाब के गुरदासपुर रेलवे स्टेशन तक ले जाई जाएगी। यह स्टेशन पाकिस्तान की सीमा और करतारपुर के सबसे करीब है।गुरदासपुर से बुजुर्ग यात्रियों को 40 किमी दूर स्थित करतारपुर कॉरिडोर तक बस से ले जाने की योजना है। पंजीयन की औपचारिकताओं के लिए पासपोर्ट और वीसा की शर्त भी है और प्रति व्यक्ति 20 डालर की फीस भी रखी गई है। पाकिस्तान स्थित इस गुरद्वारा तक जाने को लेकर प्रदेश के वृद्ध सिख तीर्थयात्रियों में भारी होड़ है, लेकिन अभी तक प्रशासनिक औपचारिकताएं ही चल रही हैं।मध्य प्रदेश कांग्रेस के मीडिया समन्वयक नरेंद्र सलूजा ने कहा कि मुख्यमंत्री ने सिख समाज की मांग पर करतारपुर साहेब को तीर्थ दर्शन योजना में शामिल किया है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि वे इस यात्रा को लेकर सारी प्रशासनिक औपचारिकता पूरी कर लें। उम्मीद है कि फरवरी तक यह यात्रा शुरू हो जाएगी।Posted By: Dhyanendra Singhडाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस
Source: Dainik Jagran December 29, 2019 17:23 UTC