पार्टी के प्रदेशस्तरीय नेताओं के साथ-साथ केंद्रीय नेताओं ने भी भूपेन बोरा को मनाने की कोशिश शुरू की. कुछ हफ्तों पहले प्रियंका गांधी को असम की स्क्रीनिंग कमिटी का प्रमुख नियुक्त किया और उनके साथ कर्नाटक के डिप्टी सीएम डीके शिवकुमार और छतीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल को पर्यवेक्षक बनाया. सस्पेंस के बीच उनके क़रीबी सूत्रों का मानना है कि बोरा इस्तीफ़ा वापस नहीं लेंगे! चुनाव हारने के बाद भूपेन बोरा को बनाया गया था प्रदेश अध्यक्ष5 साल पहले 2021 में जब असम में लगातार दूसरी बार कांग्रेस को BJP से करारी हार का सामना करना पड़ा तो विधानसभा चुनाव के फौरन बाद जुलाई में दो बार के विधायक रह चुके भूपेन बोरा को असम प्रदेश कांग्रेस का अध्यक्ष नियुक्त किया गया. इसके कुछ महीनों के बाद पिछले साल मई में बोरा की जगह गौरव गोगोई को असम कांग्रेस की कमान सौंप दी गई.