Mumbai News. अन्न एवं औषधि प्रशासन (एफडीए) मंत्री नरहरि जिरवाल के दफ्तर में एंटी करप्शन ब्यूरो (एसीबी) के ट्रैप के बाद महाराष्ट्र की राजनीति में हलचल मची हुई है। विपक्ष जिरवाल पर इस्तीफे के लिए दबाव बना रहा है। इस बीच जिरवाल ने कहा है कि उनके कार्यालय में हुए एसीबी ट्रैप मामले की पूरी जानकारी वे स्वयं मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस को बहुत जल्द देंगे। हाल ही में एसीबी ने जिरवाल के दफ्तर से जुड़े एक क्लर्क को घूस लेने के मामले में गिरफ्तार किया था। इस घटना क्रम के बाद विपक्ष ने सरकार पर सवाल उठाए थे और पारदर्शिता की मांग की थी।मुझे कुछ छिपाना नहींनरहरि जिरवाल ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि मेरे कार्यालय में जो भी कार्रवाई हुई है, उसकी पूरी जानकारी मैं खुद मुख्यमंत्री को दूंगा। मुझे कुछ भी छिपाना नहीं है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि जांच एजेंसियों को पूरा सहयोग दिया जाएगा। यहां तक कि जिरवाल ने खुद एफडीए के वरिष्ठ अधिकारियों के नेतृत्व में एक जांच कमेटी का गठन किया है, जो इस मामले की जांच कर जल्द रिपोर्ट उन्हें सौंपेगी।राजनीतिक बयानबाजी तेजइस मामले को लेकर विपक्ष सरकार को घेरे हुए है। विपक्षी नेताओं का कहना है कि यह मामला गंभीर है और इसकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष हर्षवर्धन सपकाल ने इस घटना को फडणवीस सरकार की नाकामी बताते हुए कहा कि अगर मंत्री के दफ्तर में इस तरह से खुलेआम घूस ली जा रही है तो राज्य का क्या हाल होगा ये समझना ज्यादा मुश्किल नहीं है।